7 सितंबर 2026,

सोमवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

बागड़ धाम से लौट रहे श्रद्धालुओं की कैंटर डिवाइडर से टकराई, 5 की जान गई,  22 से ज्यादा घायल

Eastern Peripheral Expressway Accident: बागपत में ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे पर श्रद्धालुओं से भरी कैंटर पलटने से 5 की मौत और 22 घायल। राजस्थान बागड़ यात्रा से बरेली लौट रहे थे श्रद्धालु। पढ़ें पूरी खबर।
2 min read
Google source verification

बागपत

image

Aman Pandey

Sep 07, 2026

road Accident

प्रतीकात्मक फोटो। IANS

Baghpat Accident: यूपी के बागपत में ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे पर रविवार देर रात करीब 1 बजे भीषण सड़क हादसा हो गया। खेकड़ा कोतवाली क्षेत्र के बसी और बड़ा गांव के पास श्रद्धालुओं से भरी कैंटर अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकराकर पलट गई। इस हादसे में एक बच्ची समेत 5 लोगों की मौत हो गई, जबकि 22 से अधिक लोग घायल हो गए।

पुलिस ने राहत-बचाव कार्य शुरू कर घायलों को पहुंचाया अस्पताल

पिकअप वाहन संख्या UP-24 AT-1819 में कुल 32 लोग सवार थे, जो गांव अलाहपुर, थाना उझानी, जनपद बदायूं के रहने वाले थे। सभी श्रद्धालु राजस्थान के हनुमानगढ़ स्थित गोगामेड़ी (बागड़ धाम) में लोक देवता जाहरवीर गोगाजी के दर्शन कर वापस बदायूं लौट रहे थे। सूचना पर पहुंची पुलिस ने राहत कार्य शुरू कर घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया।सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने राहत-बचाव कार्य शुरू कर घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया।

18 घायल मेरठ रेफर, DM-SP पहुंचे अस्पताल

अस्पताल लाए गए घायलों में से 18 की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें मेरठ के हायर सेंटर रेफर कर दिया गया, जबकि 3 घायलों का इलाज जिला अस्पताल में ही जारी है। हादसे की जानकारी मिलते ही डीएम अस्मिता लाल और एसपी सूरज राय ने जिला अस्पताल पहुंचकर घायलों का हाल-चाल लिया और डॉक्टरों को समुचित इलाज के सख्त निर्देश दिए।

जांच और शिनाख्त में जुटी पुलिस

पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है। मृतकों की पहचान कराने की कोशिश की जा रही है। घायलों के परिजनों को घटना की सूचना फोन के माध्यम से दे दी गई है।

क्या होती है बागड़ यात्रा?

बागड़ यात्रा राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले में स्थित प्रसिद्ध गोगामेड़ी मंदिर (बागड़ धाम) से जुड़ी एक प्रमुख धार्मिक यात्रा है। श्रद्धालु यहां लोक देवता जाहरवीर गोगाजी महाराज के दरबार में माथा टेकने, ध्वजा-छड़ी चढ़ाने और प्रसाद अर्पित करने आते हैं। राजस्थान के हनुमानगढ़, श्रीगंगानगर, चूरू और आसपास के क्षेत्र को 'बागड़' कहे जाने के कारण इसे बागड़ यात्रा कहा जाता है। यह यात्रा मुख्य रूप से रक्षाबंधन से शुरू होकर एक महीने तक चलती है, जिसमें शामिल होने के लिए विशेष पदयात्राएं निकाली जाती हैं और विशेष ट्रेनें चलाई जाती हैं।

बड़ी खबरें

View All

बागपत

उत्तर प्रदेश

ट्रेंडिंग