
बालोद जिले में यातायात व सड़क नेटवर्क की दिशा में जल्द बड़ी सौगात मिलने जा रही है। दुर्ग जिले के ग्राम अंडा से बालोद जिले के ग्राम झलमला तक फोरलेन बनेगा। फोरलेन शासन की द्रुत ग्रामीण सड़क योजना के तहत सीधे नेशनल हाइवे 930 से जुड़ेगा। राज्य सरकार ने अंडा से झलमला तक लगभग 39 किमी तक फोरलेन बनाने बजट में शामिल किया है। लोक निर्माण विभाग ने सर्वे भी शुरू करा दिया है।
सर्वे रिपोर्ट भेजने के बाद राज्य सरकार से प्रशासकीय स्वीकृति मिलेगी। फिर टेंडर के बाद फोरलेन सड़क का निर्माण शुरू होगा। इससे संभाग मुख्यालय दुर्ग व बेमेतरा, रतनपुर तक राह आसान हो जाएगी। कम समय में यहां आना जाना कर सकेंगे। लोक निर्माण विभाग की ईई पूर्णिमा चंद्रा ने कहा कि यह मार्ग बालोद जिले की लाइफ लाइन साबित होगी।
यह भी पढ़ें :
फोरलेन के लिए सर्वे शुरू हो चुका है। मार्ग में कितने पेड़ आ रहे हैं। कितने बिजली पोल व कितने राजस्व यानी निजी जमीन आ रही है। इसका सर्वे किया जा रहा है। सर्वे लगभग दो सप्ताह के भीतर ही करना है, उसके बाद सर्वे रिपोर्ट को शासन को भेजी जाएगी।
ईई पूर्णिमा चंद्रा ने बताया कि सड़क बजट में शामिल है और शासन के निर्देशानुसार सर्वे किया जा रहा है। फोरलेन सड़क की चौड़ाई 20 से 22 मीटर तक रहेगी। सड़क के बीचों-बीच एक मीटर का डिवाइडर भी बनाया जाएगा।
यह भी पढ़ें :
जब दुर्ग से अंडा तक फोरलेन सड़क बनी तो उम्मीद थी कि झलमला बालोद तक फोरलेन सड़क बनेगी। लेकिन स्वीकृति सिर्फ अंडा तक ही हुई थी। 6 वर्षों से तो लगातार मांग हो रही थी कि झलमला तक फोरलेन बने। आखिरकार शासन ने बजट में शामिल कर दिया। कुछ माह बाद प्रशासकीय स्वीकृति मिलने की उम्मीद है।
फोरलेन निर्माण से न केवल यात्रा समय कम होगी बल्कि सड़क सुरक्षा में भी सुधार आएगा। बेहतर कनेक्टिविटी से कृषि, व्यापार, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को भी बढ़ावा मिलेगा, जिससे जिले व प्रदेश के समग्र विकास को गति मिलेगी। यह दुर्घटनाओं में कमी कर सड़क सुरक्षा बढ़ाता है। भारी ट्रैफिक से राहत देता है। बेहतर कनेक्टिविटी के माध्यम से आर्थिक विकास, औद्योगिक विकास और नए रोजगार के अवसर पैदा करता है।
संबंधित विषय:
Updated on:
16 Apr 2026, 11:14 PM IST
Published on:
16 Apr 2026, 11:14 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.