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कैसे होगी सिलाई, एक लाख बच्चों को बस कपड़ा ही तो मिला

जिले में अभी भी एक लाख विद्यार्थी सिलाई नहीं करवा पा रहे
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बाड़मेर

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Dileep Kumar Dave

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Updated: 21 Jan 2023, 12:15 AM IST

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दिलीप दवे बाड़मेर. जिले में अभी भी एक लाख विद्यार्थी सिलाई नहीं करवा पा रहे हैं। क्योंकि जनाधार से उनका बैंक खाता अपडेट नहीं है जिस पर राशि स्वीकृति के बावजूद उनके खाते में जमा नहीं हो पाई है। जिले के 112916 विद्यार्थी जनाधार सत्यापन के चक्कर में सिलाई राशि का इंतजार कर रहे हैं।
प्रदेश के सरकारी विद्यालयों में अध्ययनरत विद्यार्थियों को राज्य सरकार की ओर से दो यूनिफॉर्म नि:शुल्क दी जा रही है। ड्रेस का कपड़ा स्कूल प्रबंधन के मार्फत बच्चों को मिल गया है तो सिलाई की राशि दो सौ रुपए संबंधित विद्यार्थियों के खाते में जमा होनी है। इसमें जनाधार का बैंक खाते के साथ अपडेशन जरूरी है, लेकिन जिले में जनाधार सत्यापन नहीं होने से 112916 विद्यार्थी सिलाई की राशि से वंचित है। इन्हें शिक्षा विभाग ने यूनिफॉर्म का कपड़ा तो वितरित कर दिया है, लेकिन सिलाई के लिए सरकार से 200 रुपए की राशि नहीं मिल पाएगी। गौरतलब है कि सिलाई की राशि उन्हीं बच्चों को दी जाएगी, जिनके जनाधार का ऑथेंटिकेशन हो चुका है और जनाधार से जुड़े खातों में सीधे राशि आएगी।

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75.36 प्रतिशत विद्यार्थियों का जनाधार सत्यापित - जिले में पहली से आठवीं तक 454196 सरकारी विद्यालयों में अध्ययनरत हैं, जिसमें से 342280 का जनाधार सत्यापन हुआ है। करीब पच्चीस फीसदी विद्यार्थी अभी भी वंचित है। ऐसे में जिन बच्चों के जनाधार ऑथेंटिकेशन नहीं हो पाए हैं, उन्हें स्कूल ड्रेस की सिलाई की राशि नहीं मिल पाएगी।

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जनाधार के साथ बैंक खाता जुडा होना जरूरी है। इसके चलते एक लाख से अधिक बच्चे सिलाई राशि से वंचित है। - बसंतकुमार जांणी, जिलाध्यक्ष राजस्थान वरिष्ठ शिक्षक संघ रेस्टा

निर्देश जारी किए जाएंगे -जिन बच्चों के बैंक खाते जनाधार से जुड़े व सत्यापित नहीं है, उनको उक्त राशि नहीं मिल पा रही है। संस्था प्रधानों को निर्देश जारी कर अभिभावकों से सम्पर्क कर प्रक्रियापूर्ण करवा राशि देने के निर्देश देंगे। - कृष्णसिंह महेचा, जिला शिक्षा अधिकारी प्रारिम्भक मुख्यालय बाड़मेर