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आधुनिक तकनीक : बाड़मेर जिला अस्पताल में पहली बार लेप्रोस्कोपिक सर्जरी

- पेटदर्द की असहनीय पीड़ा से मरीज को मिली राहत - नई तकनीक से चिकित्सा टीम ने किया सफल ऑपरेशन
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बाड़मेर

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Mahendra Trivedi

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Updated: 21 Apr 2023, 1:30 PM IST

आधुनिक तकनीक : बाड़मेर जिला अस्पताल में पहली बार लेप्रोस्कोपिक सर्जरी

आधुनिक तकनीक : बाड़मेर जिला अस्पताल में पहली बार लेप्रोस्कोपिक सर्जरी

बाड़मेर. राजकीय मेडिकल कॉलेज से संबंद्ध जिला अस्पताल चिकित्सा क्षेत्र में बड़ी उपलब्धियों को हासिल कर रहा है। चिकित्सकों की टीम ने यहां नई तकनीक अपनाते हुए पहली बार अपेंडिक्स की लेप्रोस्कोपिक से मॉड्यूलर ओटी में सफल सर्जरी की। मरीज पूरी तरह स्वस्थ है और जल्द ही डिस्चार्ज किया जाएगा।

गौरतलब है कि पेट में असहनीय पीड़ा से त्रस्त 25 साल के युवक हरिसिंह को अस्पताल में भर्ती किया गया। मरीज की जांच में पता चला कि अपेंडिक्स की समस्या से उसे लगातार पेटदर्द होता है। चिकित्सकों ने ऑपरेशन की सलाह दी। सर्जन डॉ. भरत मालू ने बताया कि युवक की सभी तरह की जांचें करवाने के बाद लेप्रोस्कोपिक (दूरबीन) तकनीक का इस्तेमाल करते हुए अपेंडिक्स का सफल ऑपरेशन किया।

टीम में ये रहे शामिल

टीम में जर्नल सर्जरी विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. दिलीप चौधरी, एनेस्थिसिया विभागाध्यक्ष प्रोफेसर डॉ. एमएल शारदा, असिस्टेंट प्रोफेसर महेन्द्र चौधरी, डॉ. दिलीप चौधरी, डॉ. मिहिर के अलावा ओटी इंजार्च ओमप्रकाश चौहान, जसवंत सोनी, छगनलाल, श्यामसुंदर, रणवीर, जितेंद्र, जमना, सुमन, शोभा, नरपत व स्वरूप भी शामिल रहे।

रिकवरी जल्दी होती है

मरीज के अपेंडिक्स ऑपरेशन में अपनाई गई आधुनिक तकनीक में पेट पर छोटा चीरा लगाया जाता है। ऑपरेशन के बाद दर्द भी सामान्य ऑपरेशन से काफी कम रहता है। इस तरह की सर्जरी में इंफेक्शन की आशंका कम हो जाती है। सबसे बड़ा फायदा यह है कि मरीज की रिकवरी बहुत जल्दी होने से अस्पताल से छुट्टी भी जल्दी मिल जाती है।

-डॉ. भरत मालू, सर्जन, राजकीय जिला अस्पताल बाड़मेर