गुरुवार उन्होंने मुख्यमंत्री के सचिव कुलदीप रांका से मुलाकात कर बाड़मेर अस्पताल में रेमेडिसीवर इंजेक्शन व ऑक्सीजन की व्यवस्था की मांग की। इस पर गुरुवार को तीन टन ऑक्सीजन व २०० रेमेडिसीवर इंजेक्शन बाड़मेर भेजे गए। जैन ने बताया कि बाड़मेर जिले में तमाम प्रयासों के बावजूद स्थितियां खराब हो रही है। रेमेडिसीवर इंजेक्शन की देशव्यापी कमी के चलते हॉस्पिटल में मांग के अनुरूप इंजेक्शन उपलब्ध नही हो रहे हैं। मरीजो की संख्या बढऩे से ऑक्सीजन के उपलब्ध स्रोत भी कम पड़ रहे हैं। इसी परिस्थितियों को देखते हुए उन्होंने जयपुर में मुख्यमंत्री के सचिव कुलदीप रांका से मुलाकात कर बताया कि राजकीय चिकित्सालय बाड़मेर में लगातार बढ़ती मरीजों की संख्या को देखते हुए ऑक्सीजन की कमी पड़ रही है, जो स्रोत हमारे पास है उनसे ऑक्सीजन पूरी नही हो पा रही है।