22 जुलाई 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

Barmer Crude Oil Leak: राजस्थान में क्रूड ऑयल मिलने की क्या है सच्चाई? 4 दिन से बह रहा कच्चा तेल, यह रिसाव है या कोई बड़ा संकेत

बाड़मेर के काऊ का खेड़ा गांव में ऐश्वर्या ऑयल फील्ड के वेलपैड-8 से जुड़ी लाइन में लीकेज से खेत में कच्चा तेल भर गया। संचालन कर रही केयर्न वेदांता ने रिसाव नियंत्रित कर वैक्यूम पंप से तेल निकासी शुरू की।
2 min read
Google source verification
Barmer Crude Oil

Barmer Crude Oil (Patrika Photo)

Barmer Crude Oil: बाड़मेर जिले के काऊ का खेड़ा गांव पिछले चार दिन से चर्चा में है। वजह है, यहां एक खेत से लगातार कूड ऑयल (कच्चा तेल) निकलना।

दरअसल, खेत के समीप ऐश्वर्या ऑयल फील्ड में वेलपैड-8 है, जिसकी लाइन में लीकेज की वजह से खेत में कुड ऑयल भर गया है। इस वेलपैड का संचालन केयर्न वेदांता कर रही है। कंपनी की टेक्निकल एवं ऑपरेशनल टीमें इस रिसाव के कारणों की जांच कर रही है। कंपनी अधिकारियों के अनुसार रिसाव को नियंत्रित कर लिया है।

आशंका है कि पाइपलाइन में लीकेज या किसी तकनीकी खामी के कारण रिसाव हुआ। वैक्यूम पंप की सहायता से कूड को टैंकरों में भरवाया जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में पाइपलाइन या वेलपैड से सीधे रिसाव के स्पष्ट संकेत नहीं मिले हैं।

हालांकि, भूमिगत लाइन में तकनीकी खामी की आशंका जताई जा रही है। इस संबंध में सभी आवश्यक नियंत्रण एवं रोकथाम उपाय लागू कर दिए गए है। इधर, खेत मालिक हरजीराम का कहना है कि उसकी जमीन खराब हो गई।

कंपनी का कहना है कि प्रभावी पर्यावरणीय मानकों एवं मानक संचालन प्रक्रियाओं के अनुरूप आगे का आकलन और प्रभावी कदम उठाए जा रहे है। इसकी सूचना संबंधित प्राधिकरणों एवं प्रशासन को दे दी गई है।

तेल चोरी भी वर्षों पुरानी समस्या है

जानकारों के अनुसार, लीकेज के अलावा राजस्थान में तेल चोरी की घटनाएं भी वर्षों से विभिन्न क्षेत्रों में सामने आती रही हैं। इसके बारे में तेल कंपनियां, अधिकारी और सरकार भी जानती हैं। लेकिन सभी मौन हैं। इस प्रकार की चोरी संगठित गिरोह अंजाम देते हैं, जो तकनीकी जानकारी और स्थानीय नेटवर्क का उपयोग करते हैं।

रिसाव या बड़ा संकेत?

काऊ का खेड़ा गांव में पिछले चार दिनों से जमीन से 'काला सोना' उबल रहा है। ऐश्वर्या ऑयल फील्ड के वेलपैड-8 के पास एक किसान के खेत में भारी मात्रा में कच्चा तेल जमा हो गया है। ग्रामीण इसे कोई 'बड़ा संकेत' मान रहे हैं, लेकिन हकीकत में यह केयर्न वेदांता की भूमिगत पाइपलाइन में हुआ एक गंभीर रिसाव है।

4 दिन बीत जाने के बाद भी रिसाव पूरी तरह नहीं रुक पाया है, जिससे किसान हरजीराम की उपजाऊ जमीन बर्बाद हो गई है। कंपनी की टीमें वैक्यूम पंप से तेल निकालने में जुटी हैं। इस घटना ने क्षेत्र में सक्रिय तेल चोरी गिरोहों और पुरानी पाइपलाइनों के रखरखाव पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।