13 फ़रवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

राजस्थान के युवक का कमाल: विश्व में पहली बार 1 मीटर डिलीवरी तकनीक का आविष्कार! डिजिटल एड्रेस सिस्टम होगा आसान

कोरोना काल में उपजे विचार से बाड़मेर जिले के युवा दीपक शारदा ने भारत के लिए डिजिटल एड्रेस सिस्टम 'भारत पिन' विकसित किया है। कनाडा से पढ़ाई कर लौटे दीपक ने गांव-गली को जोड़ने वाला यह नवाचार तैयार किया। दिल्ली में केंद्र सरकार ने इसे नंबर वन आइडिया मानते हुए सम्मानित किया।

2 min read
Google source verification
Deepak Sharda from Barmer

Deepak Sharda (Patrika Photo)

बाड़मेर: कोरोना काल में जब लोग घरों में बंद थे, एक युवा को यह चिंता हुई कि घर से दुनिया कैसे देखी जाएगी? हर सामान, हर सेवा घर तक पहुंच रही थी। लेकिन भारत जैसा विशाल देश अपना खुद का डिजिटल मानचित्र तक नहीं रखता था। बस यही विचार उसके मन में क्लिक कर गया और उसने घर बैठे-बैठे पूरी दुनिया को देखने की तकनीक पर कार्य शुरू कर दिया।

कनाडा से पढ़ाई करके लौटे और इंटरनेट की दुनिया के जानकार युवक दीपक शारदा ने स्टार्टअप के लिए भारत के लिए कुछ नया करने का निश्चय किया। उसने भारत के गांव-गांव और गली-गली को जोड़ने के लिए एक डिजिटल मानचित्र बनाने की ठानी। भारत में आधार और यूटीआई अपनी बड़ी भूमिका निभा रहे थे, लेकिन डिजिटल पता का कोई सिस्टम मौजूद नहीं था।

उसने विभिन्न संसाधनों को एकीकृत करने के लिए डेटा पर काम शुरू किया। जब वह यह आइडिया लेकर पिछले वर्ष दिल्ली में भारत सरकार के कार्यक्रम में पहुंचा, तो सब हैरान रह गए। उसके इस विचार को देश में नंबर वन माना गया और उसे पुरस्कार तथा 1,00,000 का नकद सम्मान दिया गया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के डिजिटल विजन से प्रभावित यह युवा अब भारत पिन और भारत मैप खोजकर लाया है, जिसे वह देश और राज्य को समर्पित करना चाहता है। सीमांत बाड़मेर जिले का यह प्रयास देश में डिजिटल स्टार्टअप का नया अध्याय माना जा रहा है।

इस विचार में लॉजिस्टिक चुनौतियां, देश की जीडीपी का लाभ, सरकारी योजनाओं की ट्रैकिंग, भ्रष्टाचार-नियंत्रण, छात्रों, किसानों, आम नागरिकों से लेकर चुनाव आयोग सभी के लिए उपयोगी समाधान खोजने का सिलसिला शुरू हुआ। आधार और यूपीआई के बाद यूपिन (डिजिटल पता) वह कड़ी है, जो भारत के डिजिटल इंडिया के सपने को पूरा कर सकती है।

भारत पिन क्या है?

  • भारत पिन एक नया डिजिटल एड्रेसिंग सिस्टम है
  • इसमें दो भाग होते हैं — यूपिन और पीपिन
  • यूपिन + पीपिन से किसी भी स्थान का सटीक डिजिटल पता बनता है
  • यह 7 अक्षरों/अंकों का आसान कोड होता है (जैसे: JPA-2457)
  • पहला अक्षर जिले की पहचान दर्शाता है (जयपुर के लिए J)
  • दूसरा अक्षर तहसील या स्थानीय पहचान का संकेत होता है
  • जहां सड़कें मिलती हैं, गली कटती है, तिराहा या चौराहा होता है, वहां यूपिन दिया जाएगा
  • सड़क के शुरू या खत्म होने वाले स्थान पर भी यूपिन होगा
  • हर चार घर बाद नया यूपिन निर्धारित किया जाएगा


भारत पिन की खासियतें

  • पूरे देश को एक ही डिजिटल एड्रेस सिस्टम में कवर करेगा
  • गलत पतों से होने वाला जीडीपी का 0.5% नुकसान रोका जा सकेगा
  • सरकारी योजनाओं और लाभों की ट्रैकिंग आसान होगी
  • बैंकिंग व वित्तीय सेवाओं की गलत या अपूर्ण पहुंच समाप्त होगी
  • गलत पतों से जुड़े भ्रष्टाचार पर रोक लगेगी
  • असंगठित क्षेत्र में डेटा संग्रह का सबसे बड़ा माध्यम बनेगा

कोरोनाकाल से लगातार मेहनत की। देश में डिजिटल एड्रेस की तकनीक में यह नवाचार क्रांतिकारी होगा। देश को इससे हजारों करोड़ का फायदा होगा। मैं इसे बनाने के बाद देश को ही समर्पित करने का इरादा रखता हूं। भारत के लिए काम किया है। दिल्ली में प्रोत्साहित किया। अब राजस्थान में भी प्रोत्साहन मिल रहा है। इससे मेरी काम करने की क्षमता और दृढ किया है।
-दीपक शारदा

बड़ी खबरें

View All

बाड़मेर

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग

शिवशक्ति जसदेर धाम में उमड़ रही है श्रद्धालुओं की भीड़ बाड़मेर। शहर के शिवशक्ति जसदेर धाम में महाशिवरात्रि और प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव को लेकर सात दिवसीय शिव महापुराण कथा में श्रद्धालुओं में अपार उत्साह देखने को मिल रहा है। कथा का वाचन करते हुए पांचवे दिन साध्वी सत्यसिद्धा गिरी ने श्रद्धालुओं को गहन आध्यात्मिक संदेश देते हुए कहा कि शिव महापुराण कथा का श्रवण अमोघ फलदायी है। यह जन्म जन्मांतर के पापों का नाश करता है। मोक्ष, ज्ञान, सुख और समृद्धि प्रदान करता है। श्रद्धापूर्वक कथा सुनने से असाध्य रोग, संतानहीनता और भाग्यहीनता दूर हो जाती है। यह मन को शुद्ध करती है, भक्ति भाव बढ़ाती है और साधक को शिवलोक प्राप्ति का मार्ग प्रशस्त करती है। शिव तत्व की व्याख्या करते बताया कि हिंदू दर्शन, विशेषकर शैव मत में शिव तत्व परम चेतना, शुद्ध ऊर्जा और निराकार ईश्वर का मूल सिद्धांत है। यह समय, स्थान तथा पंचतत्वों से परे है और सृजन विनाश का आधार है। शिव तत्व हर प्राणी में व्याप्त निर्गुण आत्मा है, जो शाश्वत आनंद और अहं चेतना का स्वरूप है। रामपुरी महाराज ने अपने प्रवचन में कहा कि ईश्वर का नाम जप और सद्कर्मों के मार्ग पर चलकर ही जीवन का उद्धार संभव है। उन्होंने सभी भक्तों से महाशिवपुराण कथा का श्रवण करने का आह्वान किया तथा युवाओं को नशे से दूर रहने का संदेश दिया। 15 फरवरी शिवरात्रि को रुद्राभिषेक, मूर्तियां प्राण प्रतिष्ठा एवं भव्य रात्रि जागरण में प्रसिद्ध भजन गायक कालु सिंह गंगासरा, कुंभाराम कुम्भवाणी, रणवीर सिंह राठौड सहित कई कलाकार प्रस्तुति देंगे। मीडिया प्रभारी हरिसिंह राठौड ने बताया कि पांचवें दिन की कथा के दौरान स्वामी प्रतापपुरी महाराज के शिष्य रामपुरी महाराज, सावल पुरी, बलदेव पुरी महाराज तारातरा, जेठपुरी महाराज, हुकमपुरी महाराज, नरेंद्र पुरी और संतोष पुरी का पावन सानिध्य प्राप्त हुआ। कथा में दीपक कडवासरा, कैलाश कोटडिया, पवन ऐचरा, अर्जुन सिंह महेचा, पदम सिंह भियाड, नारायण सिंह गोगादेव, पृथ्वीसिंह महेचा, भुरसिंह दोहट, लूणाराम माली, दीपक माली, कालु माली, उगम सिंह सोलंकी, मोहन लाल माली, रमेश कुमार शर्मा, नवीन कुमार शर्मा, धनश्याम जागिड, दुर्गाराम राव

शिवशक्ति जसदेर धाम में उमड़ रही है श्रद्धालुओं की भीड़ बाड़मेर। शहर के शिवशक्ति जसदेर धाम में महाशिवरात्रि और प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव को लेकर सात दिवसीय शिव महापुराण कथा में श्रद्धालुओं में अपार उत्साह देखने को मिल रहा है। कथा का वाचन करते हुए पांचवे दिन साध्वी सत्यसिद्धा गिरी ने श्रद्धालुओं को गहन आध्यात्मिक संदेश देते हुए कहा कि शिव महापुराण कथा का श्रवण अमोघ फलदायी है। यह जन्म जन्मांतर के पापों का नाश करता है। मोक्ष, ज्ञान, सुख और समृद्धि प्रदान करता है। श्रद्धापूर्वक कथा सुनने से असाध्य रोग, संतानहीनता और भाग्यहीनता दूर हो जाती है। यह मन को शुद्ध करती है, भक्ति भाव बढ़ाती है और साधक को शिवलोक प्राप्ति का मार्ग प्रशस्त करती है। शिव तत्व की व्याख्या करते बताया कि हिंदू दर्शन, विशेषकर शैव मत में शिव तत्व परम चेतना, शुद्ध ऊर्जा और निराकार ईश्वर का मूल सिद्धांत है। यह समय, स्थान तथा पंचतत्वों से परे है और सृजन विनाश का आधार है। शिव तत्व हर प्राणी में व्याप्त निर्गुण आत्मा है, जो शाश्वत आनंद और अहं चेतना का स्वरूप है। रामपुरी महाराज ने अपने प्रवचन में कहा कि ईश्वर का नाम जप और सद्कर्मों के मार्ग पर चलकर ही जीवन का उद्धार संभव है। उन्होंने सभी भक्तों से महाशिवपुराण कथा का श्रवण करने का आह्वान किया तथा युवाओं को नशे से दूर रहने का संदेश दिया। 15 फरवरी शिवरात्रि को रुद्राभिषेक, मूर्तियां प्राण प्रतिष्ठा एवं भव्य रात्रि जागरण में प्रसिद्ध भजन गायक कालु सिंह गंगासरा, कुंभाराम कुम्भवाणी, रणवीर सिंह राठौड सहित कई कलाकार प्रस्तुति देंगे। मीडिया प्रभारी हरिसिंह राठौड ने बताया कि पांचवें दिन की कथा के दौरान स्वामी प्रतापपुरी महाराज के शिष्य रामपुरी महाराज, सावल पुरी, बलदेव पुरी महाराज तारातरा, जेठपुरी महाराज, हुकमपुरी महाराज, नरेंद्र पुरी और संतोष पुरी का पावन सानिध्य प्राप्त हुआ। कथा में दीपक कडवासरा, कैलाश कोटडिया, पवन ऐचरा, अर्जुन सिंह महेचा, पदम सिंह भियाड, नारायण सिंह गोगादेव, पृथ्वीसिंह महेचा, भुरसिंह दोहट, लूणाराम माली, दीपक माली, कालु माली, उगम सिंह सोलंकी, मोहन लाल माली, रमेश कुमार शर्मा, नवीन कुमार शर्मा, धनश्याम जागिड, दुर्गाराम राव