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सड़क ने किया चार गांवों को रेल से दूर, लम्बा सफर करने को मजबूर

- बाड़मेर के अजीत-मजल रोड के चलते परेशानी
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बाड़मेर

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Dileep Kumar Dave

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Updated: 17 Apr 2023, 12:06 AM IST

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बालोतरा. अजीत -मजल के बीच नाम मात्र दूरी में डामर सड़क का अभाव आधा दर्जन गांवों के ग्रामीणों के लिए बड़ी परेशानी बना हुआ है। सड़क अभाव में इन गांवों के ग्रामीणों को रेल सुविधा से वंचित रहना पड़ता है। महंगा किराया चुका कर मजबूरी में इन्हें बसों की यात्रा करनी पड़ती है। इससे परेशान ग्रामीण कई वर्ष से सड़क निर्माण की मांग कर रहे है। लेकिन निर्माण के नाम पर इन्हें आश्वासन ही मिले हैं। इससे ग्रामीणों में रोष है।

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पंचायत समिति समदड़ी क्षेत्र की बड़ी ग्राम पंचायत अजीत के लूनी नदी के दूसरे छोर पर गांव मजल है। गांव अजीत व मजल के बीच लूनी नदी व सुकड़ी नदी है। नदी के दोनों किनारों पर बसे इन गांवों के बीच करीब 7 किलोमीटर दूरी है। लेकिन आधे भाग में ही डामर सड़क बनी हुई है। नदी वाले भाग में सड़क नहीं बनी होने पर बसों का संचालन नहीं होता है। इस पर कम दूरी होने के बावजूद दोनों गांव आपस में यातायात दृष्टि से जुड़े हुए नहीं हैं। गांव अजीत रेलवे सुविधा से जुड़ा हुआ है। यहां रेलवे स्टेशन है। यह गांव जोधपुर, भीलड़ी, बाड़मेर रेलमार्ग से जुड़ा हुआ है। इसके बावजूद सड़क अभाव में मजल सहित अन्य गांवों के ग्रामीणों को इस सुविधा से वंचित रहना पड़ता है।

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सड़क का अभाव, सुविधा से वंचित गांव- डामर सड़क सुविधा के अभाव में गांव मजल, ठाकरखेड़ा, कोटडी, लालिया, देवनगर, खंरटिया, रातड़ी आदि गांव के ग्रामीणों को रेल सुविधा से से वंचित रहना पड़ता है। जिन ग्रामीणों के पास निजी साधन है, वे ही रेलवे स्टेशन अजीत पहुंच रेल सुविधा का लाभ उठा पाते हैं। सड़क अभाव में अजीत से इन गांवों के लिए बस संचालित नहीं होने से रेल सुविधा के बावजूद इन ग्रामीणों को इससे वंचित रहना पड़ता है। इस पर ग्रामीण बसों का महंगा किराया चुकाकर इनसे यात्रा करने को मजबूर है। गांव अजीत व मजल के बीच नाम मात्र 4 किलोमीटर दूरी में डामर सड़क निर्माण करवाकर ग्रामीणों को अच्छी सुविधा उपलब्ध करवाई जा सकती है। मार्ग निर्माण पर निजी बसों का संचालन शुरू होने पर अजीत व क्षेत्र के गांव के ग्रामीणों को पाली जाने के लिए बस की सुविधा व मजल व क्षेत्र के गांवों के ग्रामीणों को रेल सुविधा उपलब्ध होगी। लेकिन सरकार, प्रशासन ,सार्वजनिक निर्माण विभाग किसी एक के इसमें रूचि लेकर निर्माण नहीं करवाने से आमजन में रोष है।
अजीत व मजल के बीच नाम मात्र दूरी है। सड़क नहीं होने से बसों का संचालन नहीं होता है। इस पर हर कोई रेलवे स्टेशन अजीत पहुंचकर रेल सुविधा का लाभ प्राप्त नहीं कर पाता है। सरकार, विभाग से कई बार सड़क निर्माण की मांग ,की लेकिन सुनवाई तक नहीं की जा रही है। अभयसिंह कुंपावत मजल

मजल व अजीत के बीच सड़क का अभाव एक दर्जन भर गांवों के ग्रामीणों के लिए बड़ी मुसीबत बना हुआ है। सड़क नहीं होने से मजल व क्षेत्र के गांवों के लोग रेल सुविधा से व अजीत व क्षेत्र के गांव पाली जाने के लिए बस सुविधा से वंचित है। इस पर सरकार शीघ्र सड़क का निर्माण करवाएं। इससे ग्रामीणों रेल व बस की अच्छी सुविधा मिले। तेजाराम राठौड़ अजीत