8 नवंबर 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

छत्तीसगढ़ में घुसपैठियों पर कार्रवाई जारी… फर्जी दस्तावेजों के सहारे रह रहे महिला समेत 2 गिरफ्तार, अब तक 7 पकड़ाए

CG News: भिलाई कैंप-2 में पकड़े गए बांग्लादेशी महिला व पुरुष के पास वह सब कुछ मिला जो एक भारतीय नागारिक के पास होता है। मसलन आधार कार्ड, पैन कार्ड, मतदाता परिचय पत्र, बैंक में खाता।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

भिलाई

•

image

Khyati Parihar

•

Updated: 4 Jun 2025, 8:03 AM IST

बांग्लादेशी घुसपैठियों गिरफ्तार (फोटो सोर्स- पत्रिका)

बांग्लादेशी घुसपैठियों गिरफ्तार (फोटो सोर्स- पत्रिका)

CG News: भिलाई कैंप-2 में पकड़े गए बांग्लादेशी महिला व पुरुष के पास वह सब कुछ मिला जो एक भारतीय नागारिक के पास होता है। मसलन आधार कार्ड, पैन कार्ड, मतदाता परिचय पत्र, बैंक में खाता। आश्चर्य होता है कि ये तमाम दस्तावेज आसानी से कैसे बन जाते हैं। आखिर कौन लोग हैं जो इनको मदद करते हैं।

दुर्ग जिले में गठित विशेष कार्य बल (एसटीएफ) और थाना छावनी पुलिस की संयुक्त टीम ने मंगलवार को कार्रवाई करते हुए कैप-2 क्षेत्र से दो बांग्लादेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मोहमद अब्दुल रौब हुसैन (पूर्व में मोहमद अली शेख के नाम से) और साथी खातून (पूर्व में साथी शेख के नाम से) के रूप में हुई है, जो मूलत: जेस्सोर, बांग्लादेश के निवासी हैं। इनको मिलाकर जिले में सात बांग्लादेशी घुसपैठिए पकड़े जा चुका हैं। इन सबके पास इस तरह के दस्तावेज मिले हैं। इनके किराए का मकान भी मिल जाता है।

सोशल मीडिया के जरिए बांग्लादेशके रिश्तेदारों से रहते थे संपर्क में

पुलिस प्रवक्ता एएसपी पद्मश्री तवर ने बताया कि एएसपी ने बताया कि आरोपियों के मोबाइल में पासपोर्ट वीजा मिले है। मोबाइल की जब्ती की गई। जांच पर बांग्लादेशी नागरिक साथी खातून मोबाइल इंटरनेट कॉल और सोशल मीडिया के माध्यम से बांग्लादेश में रहने वाले रिश्तेदारों से लगातार संपर्क में रही है। बांग्लादेश की नागरिकता से संबंधित जन्म प्रमाण पत्र, फोटो परिचय पत्र, पासपोर्ट, बांग्लादेश ग्रामीण बैंक के दस्तावेज एवं अन्य दस्तावेज भी पाया गया, जिसे विधिवत जप्त किया गया है।

अब तक 7 घुसपैठिए पकड़ाए

पुलिस द्वारा दुर्ग जिले में अब तक 7 बांग्लादेशी घुसपैठिए पकड़े जा चुके हैं। पुलिस अवैध घुसपैठियों पर कार्रवाई करती है, लेकिन उनको कोर्ट से जमानत भी मिल जाने के कारण उनके हौसले बढ़ जाते हैं।

यह भी पढ़े: Arpa Irrigation Project: अरपा-भैंसाझार 3.42 करोड़ का मुआवजा घोटाला… RTO आनंद रूप तिवारी सस्पेंड, जारी हुआ आदेश

बैंक ने किस दस्तावेज से खाता खोला

एएसपी ने बताया कि दोनों आरोपी पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के निवासी होने का झूठा दावा कर फर्जी दस्तावेजों के आधार पर भारत में निवासरत थे। उन्होंने आधार कार्ड, पैन कार्ड, मतदाता परिचय पत्र और बैंक पासबुक जैसे दस्तावेज बनवा रखे थे। भिलाई में कोटक महिन्द्रा बैंक में खाता भी खुलवाया है। बैंक ने किस दस्तावेजो के आधार पर खाता खोला है इसकी जांच की जाएगी। साथ ही किराए पर मकान देने वाले और दस्तावेज तैयार करने में मदद करने वाले की भूमिका की जांच की जा रही है। विवेचना के बाद जल्द ही उनकी भी गिरफ्तारी होगी।

आधार कार्ड बनाने में सख्ती नहीं

एक्सपर्ट का कहना है कि भारत में आधार कार्ड बनवाना बहुत सरल है। इसलिए घुसपैठिए फायदा उठाकर दस्तावेज तैयार करा लेते है। आधार कार्ड बनाने वाली एजेंसियों पर सख्ती बरती जानी चाहिए, ताकि गलत तरीके से पहचान पत्र कोई न बना सके। जो लोग घुसपैठियों की दस्तावेज तैयार रकरने में मदद करते है, उनके खिलाफ भी सख्ती बरती जाए।

मदद करने वाले बशे नहीं जाएंगे

जिले की सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए लगातार घुसपैठियों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। अब तक 7 बांग्लादेशी घुसपैठिए पकड़े जा चुके है। एसडीएफ की यह कार्रवाई जारी रहेगी। इनको मदद करने वालों को भी बशा नहीं जाएगा। - विजय अग्रवाल, एसएसपी दुर्ग