
CG Education
CG Education: हेमचंद यादव विश्वविद्यालय की डिग्री अब पहले से ज्यादा सुरक्षित होगी। पहले तक जहां विश्वविद्यालय की डिग्री में सिर्फ विद्यार्थी का नाम और कोर्स की जानकारियां हुआ करती थी, वहीं अब इसमें कैंडिडेट का फोटो भी लगा रहेगा। इसी तरह कैंडीडेट के पिता का नाम और जन्म तिथि जैसी जानकारियां भी लिखी होंगी। इससे हेमचंद यादव विश्वविद्यालय की डिग्री की क्लोनिंग आसान नहीं रहेगी। शुक्रवार को कार्यपरिषद की बैठक में यह निर्णय लिया गया।
कार्यपरिषद ने डिग्री को और भी अधिक सुरक्षित बनाने के लिहाज से इसमें सुरक्षा फीचर्स को बढ़ाने पर सहमति दे दी है। कार्यपरिषद में हुए इस निर्णय को इस सत्र से अमल में लाया जाएगा। इसके बाद डिग्री के आवेदन करने वाले कैंडिडेट्स को नए रंग रूप और सुरक्षा फीचर्स वाली डिग्रियां सौंपी जाएंगी।
हेमचंद यादव विश्वविद्यालय कुलसचिव भूपेंद्र कुलदीप ने कहा डिग्री को पहले से अधिक सुरक्षित बनाने के लिए इसमें फोटो, पिता का नाम और जन्म तिथि जैसे फीचर्स भी होंगे। इसके अलावा कार्यपरिषद सदस्यों की सिटिंग फीस में बढ़ोेतरी और गोल्ड मेडल राशि में बढ़ोतरी का प्रावधान भी किया गया है।
पिछले कुछ वर्षों में हेमचंद यादव विश्वविद्यालय से संबद्ध महाविद्यालयाें की संया लगातार बढ़ रही है, लेकिन इस साल से संबद्ध संस्थानों की फेहरिश्त से एक नाम कम हो जाएगा। दुर्ग के एक निजी महाविद्यालय ने कॉलेज बंद करने का प्रस्ताव विश्वविद्यालय को दिया था, जिसे कार्यपरिषद ने पारित करते हुए इसे क्लोजर करने की अनुमति दे दी है।
विश्वविद्यालय ने खेलाें के लिए भी नए नियम पारित किए हैं। 19 खेलों की टीमों को महत्व देते हुए अब इन्हें जोन, राज्य और नेशनल जैसी प्रतियोगिताआें में भेजा जाएगा।
इस साल से विश्वविद्यालय के तमाम खिलाड़ियाें को खेल प्रतियोगिताओं के दौरान टीए-डीए 250 रुपए से बढ़ाकर 400 रुपए कर दिया गया है। इसी तरह मैनेजर्स और कोच के भत्तों में भी बढ़ोतरी का प्रावधान किया गया है।
हेमचंद विश्वविद्यालय कार्यपरिषद ने फैसला लिया है कि पहले तक जहां विद्यार्थियों को गोल्ड मेडल देने के लिए दानदाताओं से 60 हजार रुपए लिए जाते थे, वहीं अब दानदाता को एक लाख रुपए देने होंगे। विद्यार्थियों को बेहतर गोल्ड मेडल दिलाने के लिए विश्वविद्यालय ने दानदाताओं के दान मूल्य में 40 हजार रुपए की बढ़ोतरी का फैसला लिया है।
इस साल विश्वविद्यालय को दो नए दानदाता भी मिल गए हैं, जिसे कार्यपरिषद ने सहमति दे दी है। इसके अलावा पहले तक जहां गोल्ड मेडल धारक को विश्वविद्यालय 5 हजार रुपए दिया करता था, उसमें भी 6 हजार रुपए की बढ़ोतरी की गई है। यानी अब गोल्ड मेडलिस्ट को विश्वविद्यालय से 11 हजार रुपए मिलेंगे।
Updated on:
04 Jan 2025 01:27 pm
Published on:
04 Jan 2025 01:27 pm
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