
Patrika Raksha Kavach Abhiyan: भिलाई आईआईटी से पीएचडी कर रही एक युवती साइबर ठगी का शिकार हो गई। उन्हें अनजान व्यक्ति ने कॉल किया और आईसीआईसीआई बैंक क्रेडिट कार्ड से इंश्योरेंस को डीएक्टिवेट कराने का झांसा दिया। दो बार में ओटीपी लिया और 1 लाख 53 हजार रुपए खाते से उड़ा दिया। शिकायत पर पुलिस ने धारा 318(4) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज किया है।
जेवरा-सिरसा चौकी प्रभारी पुरुषोत्तम कुर्रे ने बताया कि भिलाई आईआईटी से शिवानी ठाकुर (27) पीएचडी कर रही है। 7 फरवरी को उसके मोबाइल पर अनजान व्यक्ति ने कॉल किया। उसने कहा, आईसीआईसीआई बैंक क्रेडिट कार्ड से उसका इंश्योरेंस जुड़ा हुआ है। इसकी वजह से हर वर्ष 25 हजार रुपए किस्त कटेगा।
उसने शिवानी से पूछा कि क्या इंश्योरेंस सर्विस को डीएक्टीवेट कराना चाहती हैं। शिवानी नेे हामी भर दिया। तब ठग ने उसे कहा कि दो बार ओटीपी आएगा। उसे बताएंगी तो डीएक्टिवेट कर देगा। उसने दो बार ओटीपी नंबर भेजा। शिवानी ने उसे बता दिया। थोड़ी ही देर में उसे मैसेज मिला कि उसके क्रेडिट कार्ड से दो बार में 1 लाख 53 हजार रुपए किसी दूसरे खाते में ट्रांसफर हो गया। तब शिवानी को समझ में आया कि वह ठगी की शिकार हो गई है।
Updated on:
10 Feb 2025 11:28 am
Published on:
10 Feb 2025 11:28 am
