
दबंगों ने दलित की बिंदौली ही नहीं रोकी बल्कि बिंदौली में शामिल लोगों को दौड़ाकर पीटा।
करेड़ा।
क्षेत्र के गोवर्धनपुरा गांव में दलित की बिंदौली रोकने और माहौल गरमाने को लेकर दो दिन पहले ही आगाह करने के बावजूद मुठ्ठीभर जाब्ता लेकर पहुंचे थानेदार पर दबंग भारी पड़ गए। दबंगों ने दलित की बिंदौली ही नहीं रोकी बल्कि बिंदौली में शामिल लोगों को दौड़ाकर पीटा।
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मारपीट में आधा दर्जन लोगों को चोटे आई। इनमें से एक सामाजिक कार्यकर्ता को करेड़ा अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना के बाद गांव में माहौल गरमा गया। पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। उसके बाद गांव में जाप्ता तैनात कर दिया गया।
जानकारी के अनुसार गोवर्धनपुरा निवासी भंवरलाल रेगर दो दिन पूर्व पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों को ज्ञापन देकर अवगत कराया कि उसके छोटे भाई का 30 अप्रेल को विवाह है। इसके चलते 29 अप्रेल की रात में बिंदौली निकाली जाएगी। आशंका जताई थी कि कुछ शरारती तत्व बिंदौली को रोक सकते है और माहौल गरमा सकता है। इस पर करेड़ा थानाप्रभारी शिवजीलाल गुर्जर छह पुलिसकर्मियों को साथ में लेकर रविवार शाम सात बजे गांव में पहुंच गए थे। रात दस बजे बाद बिंदौली शुरू हुई। घोड़ी पर बिंदौली निकाली जा रही थी। गांव में घुसते ही ग्रामीणों ने बिंदौली को रोक दिया।
पुलिसकर्मियों ने समझाइश करके आगे बढ़ाया। कुछ दूर ही चली होगी फिर से बिंदौली को रोक दिया। ग्रामीणों ने दूल्हे को घोड़ी से उतार कर हमला कर दिया। हमले में सामाजिक कार्यकर्ता सुरेश मेघवंशी घायल हो गया। उसे करेड़ा लाया गया। माहौल गरमाने पर पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी वहां पहुंचे। देर रात तक समझाइश की जा रही थी। इस घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है।
Published on:
30 Apr 2018, 12:25 AM IST
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