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ट्विशा केस: “मनोरोगी थी बहू, हमने कराया इलाज”, सास गिरिबाला ने मांगा दवाइयों का सीजर मेमो

Twisha Sharma death case- गिरिबाला सिंह ने कोर्ट से लगाई गुहार, ट्विशा शर्मा की मनोरोग की दवाइयों का सीजर मेमो मांगा

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Twisha Sharma

Twisha Sharma (सोर्स- एक्स)

Twisha Sharma ट्विशा शर्मा डेथ केस Twisha Sharma death case में आरोपी सास भोपाल की पूर्व जिला गिरिबाला सिंह और मुख्य आरोपी पति समर्थ सिंह की न्यायिक हिरासत 30 जून बढ़ गई है। मंगलवार को दोनों को सीबीआई की विशेष अदालत के समक्ष वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से पेश किया गया था। केस में कोर्ट रूम में एक बार फिर गरमागरम बहस हुई। दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक यानि पूरे 3 घंटों तक सुनवाई चली। मामले में पूर्व जज गिरिबाला सिंह अपनी बहू ट्विशा के मनोरोगी होने की बात पर खासा जोर दे रही हैं। कोर्ट में भी यह बात तब साबित हुई जब उन्होंने ट्विशा शर्मा की मानसिक रोग की सीबीआई द्वारा जब्त दवाइयों का सीजर मेमो उपलब्ध कराने की मांग की। कोर्ट ने गिरिबाला सिंह का यह अनुरोध मंजूर भी कर लिया। उनकी अन्य मांगें सीबीआई कोर्ट ने ठुकरा दीं। हालांकि गिरिबाला सिंह के अधिवक्ता के अनुसार अधिका​रियों को जेल मैनुअल का सख्ती से पालन करने का कहा गया है।

भोपाल के हाईप्रोफाइल ट्विशा शर्मा केस पर देशभर की निगाहें हैं। मामले की जांच सीबीआई कर रही है और चार्जशीट पेश करने की तैयारी में है। दोनों आरोपी समर्थ सिंह व गिरिबाला सिंह भोपाल की केंद्रीय जेल में हैं।

पिछली पेशियों की तरह आरोपियों की ओर से तगड़ी बहस

न्यायिक हिरासत की अवधि खत्म होने पर 16 जून को आरोपी मां बेटे को सीबीआई की विशेष अदालत के समक्ष प्रस्तुत किया गया था। गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह की पेशी ऑनलाइन की गई। पिछली पेशियों की तरह आरोपियों की ओर से तगड़ी बहस की गई।

सुनवाई के दौरान गिरिबाला सिंह ने जेल में इस मामले से जुड़ी खबरें काटकर अखबार देने पर आपत्ति जताई। इसके साथ ही मीडिया में छप रहे परिजनों के बयानों पर रोक की मांग की। सास गिरिबाला सिंह की ये मांगे कोर्ट ने खारिज कर दीं। हालांकि, पूर्व जज की एक मांग मंजूर की जिससे उन्हें आंशिक रूप से राहत मिली। कोर्ट ने सीबीआई द्वारा जब्त ट्विशा शर्मा की दवाइयों का सीजर मेमो उपलब्ध कराने का गिरिबाला सिंह का अनुरोध स्वीकार कर लिया। कोर्ट ने उन्हें सीजर मेमो उपलब्ध कराने के सीबीआई को निर्देश दिए।

मनोरोग की दवाओं के सीजर मेमो (जब्ती पत्र) की कॉपी उपलब्ध कराने की मांग

सुनवाई के दौरान आरोपी पूर्व जज गिरिबाला सिंह ने कोर्ट से दवाइयों के संबंध में मुख्य रूप से अनुरोध किया। उन्होंने ट्विशा द्वारा ली जा रही मनोरोग की दवाओं के सीजर मेमो (जब्ती पत्र) की कॉपी उपलब्ध कराने की मांग की। सीबीआई ने ये दवाइयां उनके घर से जब्त की थीं।

गौरतलब है कि गिरिबाला सिंह शुरु से ही इस बात पर जोर दे रहीं हैं कि बहू ट्विशा मानसिक रोगों से ग्रस्त थी। उनका यह भी कहना है हमने उसका इलाज भी कराया।