
फोटो सोर्स: पत्रिका
MP News: गणेशोत्सव के पहले से शुरू होने वाला रंग और पेंट का कारोबार इस साल बारिश के लंबे खिंच जाने की वजह से थोड़ा पीछे है। हालांकि, मौसम साफ होते ही घरों की रंगाई-पुताई में तेजी आ गयी है और पेंट विक्रेताओं की दुकानों पर भीड़ बढ़ गई है। फेस्टिव सीजन में राजधानी में करीब 250 करोड़ का रंगाई-पुताई के कारोबार की उम्मीद है।
जबकि, मध्यप्रदेश में करीब 900 करोड़ का कारोबार होगा। इस बार बाजार में हल्के और एंटी-बैक्टीरियल पेंट की डिमांड ज्यादा है। बड़ा परिवर्तन यह आया है कि अब लोग 8-10 साल बाद नहीं बल्कि चार से पांच साल में घरों की पेटिंग करवा रहे हैं।
पेंट कारोबार को जीएसटी से खास राहत नहीं मिली है। हां, व्हाइट सीमेंट 28 प्रतिशत के स्लैब से घटकर 18 प्रतिशत में आ गयी है। पेंट पर 18 प्रतिशत जीएसटी बरकरार है। पिछले साल भी करीब 120/130 रुपए लीटर पेंट था। इस साल यही रेट है।
18% जीएसटी पेंट पर
18% जीएसटी व्हाइट सीमेंट पर
200 से अधिक थोक दुकानें रंग-पेंट की
250 करोड़ के आसपास कारोबार
120 से 800 रुपए लीटर पेंट के दाम
900 करोड़ का कारोबार
इंद्रपुरी स्थित पेंट कारोबारी रजनीश कपूर और रंग-पेंट के रिटेल कारोबारी मदन राठौर ने बताया कि अब फ्लोर के डिजाइनिंग में मार्बल और टाइल्स का जमाना खत्म हो रहा है। इससे सस्ता और टिकाऊ ऑप्शन एपॉक्सी फ्लोरिंग टेंरड में यह न केवल दिखने में अट्रैक्टिव है, बल्कि कई कारणों की वजह से मार्बल और टाइल्स से बेहतर भी है। लोग घरों में अब 3डी फ्लोरिंग करवा रहे हैं। पेंट की दुकानों में इसकी भी खूब बिक्री हो रही है।
Updated on:
13 Oct 2025 11:27 am
Published on:
13 Oct 2025 11:27 am
