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मॉनसून सत्र में ओडिशा विधानसभा में मच सकता है घमासान!…बीजद सरकार को घेरेने की फिराक में कांग्रेस

कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष निरंजन पटनायक ने कहा कि बीजद ने एनडीए सरकार के प्रत्याशी को समर्थन देकर विपक्ष की भूमिका से खुद को अलग कर लिया है...
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भुवनेश्वर

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Prateek Saini

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Updated: 13 Aug 2018, 6:52 PM IST

odisha assembly file photo

odisha assembly file photo

(पत्रिका ब्यूरो,भुवनेश्वर): ओडिशा विधानसभा का मॉनसून सत्र चार से 15 सितंबर तक चलेगा। इस सत्र में हालिया खर्चों के लिए 12 हजार करोड़ का पूरक बजट पेश किया जा सकता है। पूरक बजट में उन खर्चों का प्रावधान किए जाने की सूचना है जिन्हें जनकल्याण योजनाओं के लिए क्रियान्वित किया गया है। सत्ता दल को उसकी राज्यसभा उपसभापति चुनाव में भूमिका को लेकर घेरा जा सकता है।


कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष निरंजन पटनायक ने कहा कि बीजद ने एनडीए सरकार के प्रत्याशी को समर्थन देकर विपक्ष की भूमिका से खुद को अलग कर लिया है। सीबीआई का हौआ दिखाकर एनडीए सरकार ने पटनायक को अपने पाले में मिलाया है। आने वाले चुनाव में ओडिशा में भाजपा की भूमिका बीजद की बी टीम के रूप में होगी।


कांग्रेस ही ऐसी मजबूत पार्टी होगी जो जनता की अपनी पार्टी कहलाएगी। मॉनसून सत्र में कांग्रेस के विधायक नवीन सरकार की भूमिका को लेकर घेरेंगे। कांग्रेस और भाजपा से समान दूरी रखने का मुख्यमंत्री का बयान झूठा था। सांप्रदायिक शक्तियों को ताकत देने को लेकर सवाल उठाए जाएंगे। कांग्रेस विधायक दल के मुख्य सचेतक तारा बाहिनीपति का कहना है कि जनकल्याण योजनाओं के नाम पर बीजद विधायक सरकार को लूट रहे हैं। युवा वाहिनी के कार्यकर्ताओं को योजनाओं का पर्यवेक्षक बनाकर बीजद सरकार ने उन्हें पैसे देकर ताकत दी है कि चुनाव में उन्हें वोटों को कैसे मैनेज करना है।


भाजपा विधायक दल के नेता केवी सिंहदेव का कहना है कि भाजपा आक्रामक तेवर रखेगी। कोई गठजोड़ नहीं हुआ है। उपसभापति चुनाव में एनडीए उम्मीदवार को सपोर्ट देने से बीजद सरकार के पाप कम नहीं हो जाएंगे। योजनाओं में गोलमाल, 18 साल के शासन में ओडिशा विकास की विपरीत दिशा ले जाने का खामियाजा बीजद को भुगतना होगा। पूरक बजट पेश करके चुनावी खर्च निकालने की कोशिश में सरकार लगी है। उसके मंसूबे पूरे नहीं होने देंगे।