उन्होंने कहा कि शिविरों के दौरान किए गए कार्यों की रिपोर्ट प्रतिदिन भिजवानी होगी। जिला कलक्टर ने बताया कि अभियान के दौरान कृषि भूमि के आवासीय, व्यावसायिक एवं रूपांतरण, पट्टे जारी करने, पूर्व राजा-महाराजाओं या भू-स्वामियों की सीलिंग व संपदा अर्जन अधिनियम 1963 की भूमियों पर बसी आवासीय कॉलोनी, अधिसूचित कच्ची बस्तियों, लीज होल्ड से फ्री होल्ड करने, नाम हस्तांतरण प्रकरण, अपंजीकृत पट्टों के पुनर्वेध कर पंजीकरण कराने संबंधी कार्य शिविर में किए जाएंगे।