बीकानेर. होलाष्टक में आयोजित होने वाला पानी खेल डोलची दशकों से बीकानेर की होली का अभिन्न अंग बना हुआ है। विभिन्न जातियों में आपसी प्रेम, सौहार्द और प्रगाढ़ संबंधों के प्रतीक के रूप में खेले जाने वाला यह खेल दशकों से अपनी विशिष्ट खेल शैली के कारण आकर्षण का केन्द्र बना रहता है। इस खेल में डोलची खेलार एक-दूसरे की पीठ पर डोलची में पानी भरकर मार करते है। पीठ पर पानी के टकराने और निकलने वाली सटाक की आवाज इस खेल को देखने वालों को रोमांचित करती है। करीब डेढ से दो घंटे तक चलने वाला यह खेल रियासतकाल से चल रहा है। हर साल हर्षो का चौक, बारह गुवाड़ चौक और सिंगिया भादाणी चौक में इस खेल का आयोजन निर्धारित तिथि के दिन होता है।