28 अप्रैल 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

AI को लेकर आशा भोसले ने पोते चिन2 से पूछा था सवाल, निधन के 15 दिनों बाद हुआ खुलासा

Chin2 Bhosle On Asha Bhosle Death: दिग्गज गायिका आशा भोसले के निधन के 15 दिन बाद अब उनके पोते ने बताया है कि आशा ताई अक्सर AI को लेकर उनसे सवाल पूछती रहती थीं।

2 min read
Google source verification
Chin2 Bhosle On Asha Bhosle Death

Chin2 Bhosle On Asha Bhosle Death (सोर्स- एक्स)

Chin2 Bhosle On Asha Bhosle Death: भारतीय संगीत जगत की महान आवाज आशा भोसले अब हमारे बीच नहीं रहीं, लेकिन उनकी यादें, उनका अंदाज और जिंदगी को देखने का नजरिया हमेशा जिंदा रहेगा। उनकी विदाई के बाद परिवार और करोड़ों चाहने वाले गहरे दुख में हैं। इसी बीच उनके पोते चिन2 भोसले ने दादी से जुड़ी कई भावुक और अनसुनी बातें साझा की हैं, जिसने हर किसी को भावुक कर दिया।

चिन2 ने किया खुलासा (Chin2 Bhosle On Asha Bhosle Death)

चिन2 ने 'इंडिया टुडे' से बात करते हुए बताया कि दुनिया जिस चुलबुलेपन को उनकी आवाज़ में सुनती थी, वही ऊर्जा उनके स्वभाव में भी थी। घर के भीतर भी वो उतनी ही जीवंत, खुशमिजाज और शरारती थीं। परिवार के लिए वो सिर्फ एक महान गायिका नहीं, बल्कि हर पल जीवन का जश्न मनाने वाली महिला थीं।

उनके मुताबिक आशा भोसले हर भूमिका में खास थीं। चाहे मां हों, दादी हों, परदादी हों या फिर रसोई में खाना बनाती गृहिणी, हर जगह उनकी चमक अलग नजर आती थी। उनकी आंखों में हमेशा एक चमक रहती थी और चेहरे पर मुस्कान। यही वजह थी कि उम्र बढ़ने के बावजूद उनका जोश कभी कम नहीं हुआ।

चिन2 बोले- AI को लेकर काफी जिज्ञासु थीं आशा

सबसे हैरान करने वाली बात यह रही कि नई तकनीक में भी उनकी गहरी रुचि थी। चिन2 ने बताया कि आशा भोसले अक्सर पूछती थीं कि ये आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस क्या है और कैसे काम करता है। जब उन्हें बताया गया कि अब तकनीक के जरिए पुरानी आवाजों से भी नए गाने तैयार किए जा सकते हैं, तो उन्होंने डर या विरोध नहीं दिखाया। बल्कि बच्चों जैसी उत्सुकता से हर बात समझना चाहा।

आशा भोसले के जाने के बाद परिवार में मातम

जहां कई लोग नई चीजों से दूरी बना लेते हैं, वहीं आशा भोसले हर बदलाव को समझना चाहती थीं। वह बिना जाने राय नहीं बनाती थीं। पहले सुनतीं, समझतीं, फिर अपनी प्रतिक्रिया देतीं। यही गुण उन्हें बाकी लोगों से अलग बनाता था।

परिवार ने ये भी बताया कि खाने की मेज पर सिर्फ संगीत की बातें नहीं होती थीं। दुनिया भर की राजनीति, युद्ध, समाज और बदलते हालात पर भी वह चर्चा करती थीं। उनका नजरिया बेहद खुला था और वह हर विषय पर जानकारी रखना चाहती थीं।

92 की उम्र में आशा ताई ने कहा अलविदा

92 साल की उम्र में दुनिया को अलविदा कहने वाली आशा भोसले ने यह साबित किया कि महान लोग सिर्फ अपने काम से नहीं, अपने विचारों से भी अमर हो जाते हैं। उनकी आवाज हमेशा गूंजेगी, लेकिन अब उनके किस्से भी लोगों को प्रेरित करते रहेंगे।