16 सितंबर 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

सुप्रीम कोर्ट के ‘ड्रामा करने’ वाली टिप्पणी पर राजपाल यादव के वकील का बयान, 2 करोड़ जमा कराने पर कही ये बात

Rajpal Yadav Cheque Bounce Case: राजपाल यादव के चेंक बाउस मामले में अब उनके वकील का बयान सामने आया है।
2 min read
Google source verification
Rajpal Yadav Cheque Bounce Case

राजपाल यादव (फोटो सोर्स- Twitter/ANI)

Rajpal Yadav Cheque Bounce Case: बॉलीवुड अभिनेता राजपाल यादव इन दिनों एक पुराने आर्थिक विवाद से जुड़े चेक बाउंस मामले को लेकर कानूनी मुश्किलों में हैं। मामले की सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने अभिनेता को दो हफ्ते की आखिरी मोहलत दी है। इस अवधि में उन्हें कम से कम 2 करोड़ रुपये जमा करने होंगे। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने राजपाल यादव के पिछले आचरण पर भी सख्त टिप्पणी की। हालांकि, अभिनेता के वकील भास्कर उपाध्याय ने अदालत के आदेश का स्वागत करते हुए भरोसा दिलाया है कि राजपाल यादव की टीम तय समय के भीतर निर्देशों का पालन करेगी।

वकील ने बताया 2 करोड़ की राहत

सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद राजपाल यादव के वकील भास्कर उपाध्याय ने मीडिया से बातचीत की। उन्होंने कहा कि उनके मुवक्किल के लिए अदालत की ओर से मिली दो हफ्ते की समय-सीमा राहत देने वाली है। वकील के मुताबिक, शुरुआत में अदालत के सामने 5 करोड़ रुपये जमा करने की बात थी, लेकिन अब यह राशि घटाकर 2 करोड़ रुपये कर दी गई है।

उन्होंने कहा कि राजपाल यादव की टीम अदालत के निर्देशों का पालन करेगी और निर्धारित रकम जमा करने की प्रक्रिया पूरी करेगी। बाकी रकम के लिए भी अभिनेता की ओर से जमानतदार देने की बात कही गई है।

सुप्रीम कोर्ट ने क्यों जताई नाराजगी?

मामले की सुनवाई के दौरान भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने राजपाल यादव के पुराने आचरण का जिक्र किया। कोर्ट ने कहा कि पिछला व्यवहार ऐसा रहा है जिससे अदालत का उन पर भरोसा मजबूत नहीं होता। इसी दौरान मुख्य न्यायाधीश ने अभिनेता के पेशे का हवाला देते हुए यह टिप्पणी की कि वह बॉलीवुड में अभिनय और ड्रामा करने के आदी हैं और कोर्ट में भी ऐसा ही कर रहे हैं।

इसके बावजूद अदालत ने उनके वकील के आश्वासन को देखते हुए उन्हें एक और मौका दिया। राजपाल यादव को दो सप्ताह के भीतर कम से कम 2 करोड़ रुपये जमा करने हैं। इसके साथ ही बाकी रकम के लिए सिक्योरिटी देने का निर्देश भी दिया गया है।

अगली सुनवाई तक गिरफ्तारी से राहत

राजपाल यादव को फिलहाल अगली सुनवाई तक गिरफ्तारी से सुरक्षा मिली हुई है। मामले की अगली सुनवाई 5 अक्टूबर को निर्धारित की गई है। हालांकि, कोर्ट ने अभिनेता को अपना पासपोर्ट सरेंडर करने का निर्देश दिया है।

क्या है पूरा मामला?

ये विवाद साल 2010 से जुड़ा है। रिपोर्ट के मुताबिक, राजपाल यादव ने अपनी पहली निर्देशित फिल्म 'अता पता लापता' बनाने के लिए दिल्ली की एक निजी कंपनी मुरली प्रोडक्शंस से करीब 5 करोड़ रुपये का कर्ज लिया था। फिल्म बॉक्स ऑफिस पर उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर सकी और लागत की भरपाई भी नहीं हो पाई।

इसके बाद राजपाल यादव पर रकम वापस करने का दबाव बना रहा। समय बीतने के साथ ब्याज और दूसरे शुल्क जुड़ते गए और कथित तौर पर बकाया रकम करीब 9 करोड़ रुपये तक पहुंच गई। इसी विवाद ने आगे चलकर चेक बाउंस मामले का रूप ले लिया।

रिपोर्ट के मुताबिक, राजपाल यादव को इस मामले में इसी साल गिरफ्तार भी किया गया था। बाद में इंडस्ट्री के कुछ साथियों ने उनकी मदद की और कुछ रकम चुकाए जाने के बाद उन्हें जेल से रिहाई मिली। अब सुप्रीम कोर्ट की ओर से मिली दो हफ्ते की मोहलत के बाद इस मामले में अगली कार्रवाई 5 अक्टूबर की सुनवाई पर नजर रहेगी।

बड़ी खबरें

View All

बॉलीवुड

मनोरंजन

ट्रेंडिंग