
विवेक ओबेरॉय ने सोनम वांगचुक के सवाल का नहीं दिया जवाब (सोर्स- Instagram/PTI)
Vivek Oberoi On Sonam Wangchuk: अभिनेता विवेक ओबेरॉय एक बार फिर सोशल मीडिया पर चर्चा में हैं। इस बार वजह उनकी कोई फिल्म नहीं, बल्कि एक सार्वजनिक कार्यक्रम में दिया गया जवाब है। जब उनसे सामाजिक कार्यकर्ता और शिक्षा सुधारक सोनम वांगचुक की अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल को लेकर सवाल पूछा गया तो उन्होंने सीधे तौर पर कोई पक्ष लेने से परहेज किया। उनका जवाब इंटरनेट यूजर्स को पसंद नहीं आया और देखते ही देखते सोशल मीडिया पर उनकी आलोचना शुरू हो गई।
हाल ही में एक कार्यक्रम के दौरान विवेक ओबेरॉय से सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल पर प्रतिक्रिया मांगी गई। इस पर अभिनेता ने कहा कि वो एक अभिनेता हैं, नेता नहीं। उन्होंने ये भी कहा कि वो राजनीतिक मुद्दों पर टिप्पणी करने से बचते हैं और सिर्फ घटनाओं को देखते और उनसे सीखते हैं।
हालांकि उन्होंने ये जरूर कहा कि लोकतंत्र में हर व्यक्ति को अपनी बात रखने का अधिकार है और अलग-अलग विचारों को जगह मिलनी चाहिए। लेकिन उन्होंने न तो वांगचुक के आंदोलन का खुलकर समर्थन किया और न ही विरोध किया।
विवेक ओबेरॉय का यही जवाब सोशल मीडिया यूजर्स को रास नहीं आया। एक्स (पहले ट्विटर) पर कई लोगों ने उन्हें जमकर ट्रोल किया। कुछ यूजर्स ने उनके जवाब को "गोलमोल" बताया, तो कुछ ने उन्हें "डरपोक" और "रीढ़विहीन" तक कह दिया।
एक यूजर ने लिखा कि विवेक ने सवाल से बचने की कोशिश की, जबकि दूसरे ने तंज कसते हुए कहा कि वह अभिनेता नहीं, बल्कि नेता की तरह जवाब दे रहे हैं। कई लोगों ने यह भी लिखा कि सार्वजनिक हस्तियों को सामाजिक मुद्दों पर स्पष्ट राय रखनी चाहिए।
ट्रोलिंग सिर्फ बयान तक सीमित नहीं रही। कुछ यूजर्स ने विवेक ओबेरॉय की आने वाली फिल्मों का जिक्र करते हुए लिखा कि ऐसे रवैये का असर उनकी फिल्मों पर भी पड़ सकता है। वहीं कुछ ने उनके पुराने किरदारों और राजनीतिक विषयों पर बनी फिल्मों का हवाला देते हुए सवाल उठाए कि जब फिल्मों में ऐसे विषयों पर काम किया जा सकता है, तो वास्तविक मुद्दों पर बोलने से परहेज क्यों?
उधर, सोनम वांगचुक की अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुक्रवार को 20वें दिन में पहुंच गई। उनकी सेहत को लेकर चिंता लगातार बढ़ रही है। डॉक्टरों के अनुसार उनका वजन काफी कम हो चुका है और वह चिकित्सकीय निगरानी में हैं। इस बीच उनकी सेहत को लेकर अदालत में भी याचिका दायर की गई है।
वांगचुक ने अब तक अपना अनशन समाप्त करने से इनकार किया है और सरकार से बातचीत की मांग दोहराई है। उनके समर्थन में देश के कई राजनीतिक नेताओं और सार्वजनिक हस्तियों ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है।
विवेक ओबेरॉय ने अपने बयान में लोकतंत्र और अभिव्यक्ति की आजादी की बात जरूर की, लेकिन सोशल मीडिया पर लोगों का ध्यान उनके जवाब से ज्यादा इस बात पर गया कि उन्होंने सीधे सवाल का स्पष्ट उत्तर नहीं दिया। यही वजह है कि अभिनेता का वीडियो वायरल होने के साथ ही इंटरनेट पर ट्रोलिंग का सिलसिला भी तेज हो गया।
Updated on:
17 Jul 2026 11:36 am
Published on:
17 Jul 2026 11:36 am
