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शुद्ध के लिए युद्ध अभियान : ऐसे तो नतीजे से पहले हम हलक में उतर जाएंगे मिलावटी मिठाई

नवरात्र के साथ ही त्योहारी सीजन शुरू हो चुका है। इस अवधि में खपत बढने से मिलावट खोर भी सक्रिय हो जाते है। ऐसे में मिलावट खोरी को रोकने के लिए सरकार ने प्रदेश भर में शुद्ध के लिए युद्ध अभियान शुरू कर दिया है, लेकिन चित्तौडग़ढ़ जिले में सरकार का यह आदेश हवा हो गया है।
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चित्तौड़गढ़

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kalulal lohar

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Updated: 8 Oct 2019, 1:16 PM IST

शुद्ध के लिए युद्ध अभियान

शुद्ध के लिए युद्ध अभियान

सरकार के आदेश हवा, सोया हुआ है चिकित्सा विभाग

सवाल: विभाग कब करेगा मिलावटी सामग्री को लेकर कार्रवाई
चित्तौडग़ढ़. नवरात्र के साथ ही त्योहारी सीजन शुरू हो चुका है। इस अवधि में खपत बढने से मिलावट खोर भी सक्रिय हो जाते है। ऐसे में मिलावट खोरी को रोकने के लिए सरकार ने प्रदेश भर में शुद्ध के लिए युद्ध अभियान शुरू कर दिया है, लेकिन चित्तौडग़ढ़ जिले में सरकार का यह आदेश हवा हो गया है। हालत यह है कि मिलावटखोरी पर अंकुश लगाने को लेकर खाद्य सामग्री के नमूने लेने के लिए विभाग के पास खाद्य सुरक्षा अधिकारी तक नहीं है। राज्य सरकार ने त्योहारी सीजन को देखते हुए हर जिले के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देश दिए थे कि मिलावट खोरी रोकने के लिए विभिन्न तरह की खाद्य सामग्री के नमूने लिए जाए। इसके लिए हर जिले को लक्ष्य भी आवंटित किए गए।
तीन से चल रहा है अभियान
त्योहारी सीजन को ध्यान में रखते हुए विभाग ने एक अक्टूबर को आदेश जारी कर ३ से ३१ अक्टूबर तक प्रदेश में शुद्ध के लिए युद्ध अभियान शुरू करने के निर्देश दिए थे, लेकिन अब तक विभाग ने एक भी नमूना नहीं लिया है। जबकि इस बार प्रतिदिन होने वाली कार्रवाईको ऑनलाइन अपलोड करनी है जिसमें अधिकारी का नाम, प्रतिष्ठान का नाम व पता, खाद्य पदार्थ का नाम, निरीक्षण में पाई गई कमी, नष्ट करवाए गए माल का विवरण प्रतिदिन ऑनलाइन भेजने के निर्देश जारी किए हुए हैं।
फिर किस पर होगी कार्रवाई
विभाग ने शुद्ध के लिए युद्ध अभियान के शुरुआत करने के साथ निर्देश दिए है जिले में गठित प्रत्येक दल को प्रतिदिन चार निरीक्षण व चार नमूनीकरण का लक्ष्य दिया गया है। लक्ष्य पूर्ति के लिए भी सख्त निर्देश दिए है कि लक्ष्य पूर्ति नहीं होने पर संबंधित खाद्य सुरक्षा अधिकारी के खिलाफ नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

जांच रिपोर्ट आने से पहले हो जाता है उपयोग
हर बार विभाग द्वारा खाद्य सामग्री के नमूने तो लिए जाते है, लेकिन उनकी जांच रिपोर्ट जब तक आती है तब तक त्योहार खत्म हो जाता और मिलावटी खाद्य पदार्थ का लोग उपयोग कर चुके होते है। हालांकि विभाग का कहना है कि खाद्य निरीक्षक का कुछ दिन पहले ही स्थानांतरण हो गया और जिस खाद्य निरीक्षक को चित्तौडग़ढ़ लगाया गया उसने अब तक ज्वॉइन नहीं किया है। इसके चलते शुद्ध का युद्ध अभियान नहीं चल पा रहा है। भले ही विभाग ने अपना अभियान शुरू नहीं किया हो लेकिन प्रतिष्ठानों पर मिठाइयां बनाने का काम जरूर शुरू हो गया है। ऐसे में सवाल यह है कि विभाग कब कार्रवाई शुरू करेगा।

एफएसओ आने पर चलेगा अभियान
एफएसओ का स्थानांतरण होने से उसे कार्यमुक्त कर दिया है, लेकिन जिसका स्थानंातरण चित्तौडग़ढ़ हुआ है उसने अभी ज्वॉइन नहीं किया है। एफएसओ नहीं होने से अभियान शुरू नहीं किया गया।
डॉ. इंद्रजीत , सीएमएचओ चित्तौडग़ढ़