
देवदत्त पडिक्कल ने जड़ा पहला शतक (फोटो- BCCI)
Devdutt Padikkal Test Hundred: श्रीलंका के खिलाफ गॉल टेस्ट में देवदत्त पडिक्कल ने अपने अंतरराष्ट्रीय करियर का पहला शतक पूरा कर लिया है। उन्होंने अपनी चौथी पारी में यह कारनामा किया। 21वीं सेंचुरी में नंबर तीन पर बल्लेबाजी करते हुए शतक जड़ने वाले वह सिर्फ दूसरे लेफ्टी बल्लेबाज हैं। इससे पहले इस नंबर पर टेस्ट शतक सौरव गांगुली ने जड़ा था। जिम्बाब्वे के खिलाफ 2002 में उन्होंने ये कारनामा किया था। पडिक्कल ने इसके अलावा भी कई रिकॉर्ड्स बनाएं।
2 साल बाद उन्हें भारतीय टीम की प्लेइंग इलेवन में मौका मिला और उन्होंने इसका बखूबी फायदा उठाते हुए शतक जड़ दिया। आपको बता दें कि रोहित शर्मा, विराट कोहली जैसे दिग्गज बल्लेबाजों के न होने के बाद जरूर पडिक्कल को टीम में जगह मिली है। उन्होंने अब तक मेडिकल से पहले श्रीलंका-11 के खिलाफ अभ्यास मैच में भी 142 रन की नाबाद पारी खेली थी।
उनका फर्स्ट क्लास रिकॉर्ड भी काफी शानदार रहा है। इंडिया ए की टीम के लिए खेलते हुए उन्होंने श्रीलंका ए के खिलाफ गॉल में ही 94 रन और 67 रन की दो महत्वपूर्ण पारियां खेली थीं। इसके अलावा उन्होंने रणजी ट्रॉफी के सेमीफाइनल में उत्तराखंड के खिलाफ 232 रनों की विशाल पारी खेली थी। इसके अलावा पंजाब के खिलाफ उन्होंने नाबाद 120 रन बनाए थे।
देवदत्त पडिक्कल भारत के लिए नंबर तीन पर बल्लेबाजी करते हुए शतक जड़ने वाले कुछ चुनिंदा बल्लेबाजों की लिस्ट में शामिल हो गए हैं, जिसमें सलीम दुर्रानी, अजीत वाडेकर और सुरेंद्र अमरनाथ जैसे बल्लेबाज शामिल हैं। इसके अलावा सौरव गांगुली और विनोद कांबली ने भी नंबर तीन पर बल्लेबाजी करते हुए टेस्ट में शतक जड़े हैं। सौरव गांगुली ने तीन नंबर पर बल्लेबाजी करते हुए टेस्ट में तीन और विनोद कांबली ने तीन नंबर पर ही बल्लेबाजी करते हुए चार शतक जड़े हैं। देवदत्त पडिक्कल ने तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करते हुए शतक जड़कर इन दिग्गजों की लिस्ट में भी एंट्री मार ली है।
पारी के 97वें ओवर की पांचवीं गेंद पर कुशाल मेंडिस की गेंद पर देवदत्त पडिक्कल ने मिड ऑफ की ओर गेंद को धकेलकर अपना पहला शतक पूरा किया। पडिक्कल ने 134 गेंद में अपने टेस्ट करियर का पहला शतक पूरा किया। इससे पहले तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करते हुए शुभमन गिल ने 2 साल पहले चेन्नई में बांग्लादेश के खिलाफ शतक जड़ा था। इसके बाद से भारत ने 19 टेस्ट में सात बल्लेबाजों को इस नंबर पर आजमाया, जिनका औसत 27.30 का भी नहीं रहा और 50 से ज्यादा के स्कोर 35 पारियों में देखने को मिले।
Updated on:
15 Aug 2026 05:41 pm
Published on:
15 Aug 2026 05:41 pm
