2 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Kedarnath Dham Yatra: फिलहाल उड़ कर नहीं पहुंच पाएंगे केदारनाथ धाम

( Kedarnath Dham Yatra ) केदारनाथ धाम यात्रा के चरम पर ( Monsoon in Uttarakhand) मानसून के चलते ( Kedarnath Heli Services ) हेली सेवाएं बंद कर दी गईं...

2 min read
Google source verification
Kedarnath Dham Yatra

Kedarnath Temple

देहरादून (हर्षित सिंह). केदारनाथ धाम यात्रा ( Kedarnath Dham Yatra ) के चरम पर सभी नौ हवाई कंपनियों ने मानसून ( Monsoon in Uttarakhand ) के चलते अपनी हवाई (हेली) सेवाएं ( Kedarnath Heli Services ) बंद कर दी हैं। देवभूमि में मानसून की दस्तक के चलते केदार घाटी में घना कोहरा छाया हुआ है। यही कारण है कि यहां पर उड़ान भरना संभव नहीं है। उल्लेखनीय है कि केदारनाथ धाम यात्रा शुरू होने के लगभग एक हफ्ते बाद हेली सेवा शुरू हुई थी। इसके बाद मौसम की मार के चलते अचानक केदारनाथ हेली सेवा बंद होने से श्रद्घालुओं को खासी कठिनाई का सामना करना पड़ेगा। बताया जा रहा है कि यह हेली सेवाएं एक दो दिन नहीं बल्कि महीने-डेढ़ महीने तक बंद रहेंगी। सितंबर से वापस हेली सेवा शुरू होने का अनुमान है। ऐसे में पैदल मार्ग ही एक विकल्प रह गया है। जुलाई तक थम्बी एविएशन व कुछ हेली कंपनियां सेवाएं दे रही थीं। हालांकि लगातार मौसम खराब होने के चलते सभी कंपनियों ने हवाई सेवाएं बंद कर दी है।

कार्यक्रम बदल रहे तीर्थयात्री

आलम यह है कि हेली सेवा बंद होने व खराब मौसम की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में तीर्थयात्रियों ने अपने कार्यक्रम में बदलाव कर दिया। राजस्थान के अलवर निवासी अभय सिंह ने बताया कि वह केदारनाथ यात्रा के लिए परिवार समेत निकल चुके थे। इस बीच टिकट करवाने वाले एजेंट ने उन्हें हेली सेवा बंद होने की बात कहते हुए रुपए लौटाने की बात की। इसके साथ ही खराब मौसम की जानकारी दी। इसके बाद 12 लोगों के ग्रुप ने कार्यक्रम रद्द कर वापसी कर ली।


टूर एंड ट्रैवल्स पर भी मार

इतना ही नहीं हेली सेवा बंद होने की मार टूर एंड ट्रैव्लस पर भी पड़ी है। चार धाम यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में तीर्थयात्री केदार बाबा के दर्शन के लिए हेली सेवा से जाना पसंद करते हैं। हेली सेवा बंद होने से श्रद्घालुओं की संख्या में खासी गिरावट आई है। अब सिर्फ पैदल मार्ग से जाने वाले यात्री बचे हैं। पैदल मार्ग से जाने वाले श्रद्घालु भी खराब मौसम और बरसात के चलते कम संख्या में आ रहे हैं।

24 तक कमजोर रहेगा मानसून

इस बीच मौसम विभाग का अनुमान है कि मानसून 17 से 24 जुलाई तक धीमा रहेगा। राज्य मौसम केंद्र के निदेशक विक्रम सिंह बताया कि 24 जून को मानसून ने राज्य में दस्तक दी। हालांकि इस दौरान यह कमजोर रहा। जुलाई आते ही मानसून ने एक बार फिर से रफ्तार पकड़ ली, लेकिन संभावना है कि 17 से 24 जुलाई के बीच मानसून फिर से कमजोर पड़ेगा।

एसडीआरएफ तैनात

उत्तराखंड सरकार ने पैदल यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एसडीआरएफ तैनात कर दी है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए चिकित्सा सुविधा का विशेष ध्यान रखा है। इसके साथ ही वैकल्पिक मार्गों पर भी लगातार नजर बनाए हुए हैं।