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Jagan Gurjar: दूध बेचने से चंबल का कुख्यात दस्यु बनने तक, नहीं सुलझी AK-47 की गुत्थी, जानें जगन गुर्जर की क्राइम स्टोरी

चंबल के कुख्यात पूर्व दस्यु जगन गुर्जर के नाम की AK-47 के साथ एक फोटो खूब वायरल हुई थी हालांकि सरेंडर के समय उसने केवल पचफेरा हथियार ही पुलिस को सौंपा था। इसके बाद से AK-47 की गुत्थी आज तक नहीं सुलझ सकी।
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Jagan Gurjar

जगन गुर्जर (फोटो: पत्रिका)

Dacoit Jagan Singh Gurjar Death: राजस्थान की हाई सिक्योरिटी जेल अजमेर में पूर्व इनामी दस्यु जगन गुर्जर की हत्या ने पुलिस प्रशासन में हड़कंप मचा दिया। चंबल के बीहड़ों से दस्युओं का पुराना वास्ता रहा है और कई इनामी दस्युओं के सरेंडर करने और कुछ के पुलिस एनकाउंटर में मारे जाने के बाद चंबल घाटी में जगन गुर्जर लगातार वारदातों से पुलिस के लिए चुनौती बन कर उभरा था। जगन भरतपुर जिले के बयाना उपखंड में साल 2008 में पीलूपुरा गांव के पास हुए गुर्जर आंदोलन के दौरान हथियार लहराते हुए तत्कालीन CM वसुंधरा राजे की पैलेस को बम से उड़ाने की धमकी देकर सुर्खियों में आ गया था।

पीलूपुरा में धमकी से पहले उसी दिन धौलपुर जिले के थाना बसई डांग के गांव नयापुरा में सुबह हत्याकांड हुआ था जिसमें जगन गुर्जर का कनेक्शन सामने आया था। इस घटना के बाद पुलिस ने सरगर्मी से तलाश किया, जहां जगन ने करौली जिले के जगदीश नारायण मेला में सरेंडर कर दिया था। उस समय जगन पर लाखों रुपए का इनाम घोषित हुआ था।

जगन गुर्जर बीच-बीच में वारदातों से हमेशा चर्चा में रहा। हालांकि बाद में सरेंडर करने पर धौलपुर से जगन को केन्द्रीय कारागार सेवर भरतपुर में शिफ्ट कर दिया। कोर्ट में कई मुकदमों में गवाही नहीं होने पर वह बरी हो गया। जगन गुर्जर ने गत 21 मार्च 2026 को धौलपुर जिले बाड़ी कस्बे की गुर्जर कॉलोनी में एक महिला मारपीट कर दी। महिला दूध लेने गई थी जहां उसने महिला के साथ दुर्व्यवहार किया। जिस पर बाड़ी कोतवाली में नामजद मुकदमा दर्ज हुआ। पुलिस ने बाद में जगन गुर्जर को गिरफ्तार किया जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया। हार्डकोर अपराधी होने पर जगन गुर्जर को कुछ दिन पहले धौलपुर जिला कारागार से अजमेर की हाई सिक्योरिटी जेल में शिफ्ट कर दिया था। अपराध दुनिया में आने से पहले वह दूध बेचने का काम करता था। बाद में चोरी के एक प्रकरण में पकड़े जाने और जेल होने पर अपराधिक वारदातों में शामिल होता चला गया।

मारपीट की और निर्वस्त्र कर घुमाया

जगन गुर्जर ने गत 12 जून 2019 को एक ही दिन में कई घटनाएं की जिससे वह एक दफा फिर से सुर्खियों में आ गया। जगन ने बाड़ी में पुराना बस स्टैंड हॉस्पिटल के पास दिन-दहाड़े फायरिंग की। जिसकी सीसीटीवी फुटेज वायरल हुई थी। घटना के बाद जगन यहां से गाड़ी में भागा और बसेड़ी टोल नाके पर कुछ लोगों से मारपीट कर सोने का गुर्जा इलाके में पहुंचा। यहां मुखबिरी के शक पर लोगों से मारपीट की। इसके बाद रात में यह गांव बसई डांग थाने के गांव करण सिंह का पुरा पहुंचा और यहां महिलाओं और बच्चों से मारपीट की। उक्त घटना में आरोप है कि जगन ने हथियार के बल पर महिलाओं को निर्वस्त्र कर घुमाया। उक्त घटना में बसई डांग थाने में मामला दर्ज हुआ। उक्त कांड से राजस्थान में हंगामा हो गया। जिस पर पुलिस तलाश शुरू की। दबाव बनने पर बाद बदमाश ने 28 जून 2019 को बाड़ी सदर थाने में सरेंडर कर दिया।

AK-47… पर बना रहा सस्पेंस

उधर, पूर्व दस्यु जगन गुर्जर पर अघोषित रूप से AK-47 का जिक्र होता रहा है। अत्याधुनिक हथियार AK-47 के साथ एक फोटो जमकर वायरल हुआ था। लेकिन दस्यु के सरेंडर करने के बाद उक्त हथियार कभी सामने नहीं आया। जगन ने बाड़ी सदर थाने पर सरेंडर किया तो पचफेरा के साथ किया था। इसी तरह भरतपुर के बयाना सर्किल में तत्कालीन रेंज आई मालिनी अग्रवाल के समय किए सरेंडर में भी हथियार पचफेरा ही था। AK-47 हथियार कभी सामने नहीं आया। इसको लेकर अभी तक गुत्थी बनी हुई है।

खून से लिया जीजा का बदला

जिले के बसई डांग इलाके में जगन गुर्जर के जीजा की हत्या हो गई थी। जगन ने बाद में गांव बटेश्वर में बदला लिया। वारदात में दो लोगों की मौत हुई थी। बताते हैं कि मृतक भी गुर्जर के परिवार के थे। बाद में घटना लेकर थाने में मुकदमा दर्ज हुआ था।

पूर्व विधायक मलिंगा को दी थी धमकी

जगन गुर्जर ने जिले की बाड़ी विधानसभा से तीन बार विधायक रहे गिर्राज सिंह मलिंगा को भी कथित रूप से फोन पर धमकी दी। जिसका सोशल मीडिया पर ऑडियो भी वायरल हुआ था। इस घटनाक्रम के बाद पुलिस ने सरगर्मी से उसकी तलाश की थी। यह मामला कई दिनों तक सुर्खियों में रहा। घटना को लेकर बाड़ी क्षेत्र में विरोध भी दिखा था। घटना के समय प्रदेश में अशोक गहलोत की सरकार थी और गिर्राज सिंह बाड़ी विधानसभा से विधायक थे।

जगन गुर्जर पर करीब 128 मुकदमे थे। जिसमें कई में वह कोर्ट से बरी हो गया था। घटनाक्रम के बाद गांव और बाड़ी कस्बे में जहां वह रहता था, वहां शांत माहौल है। पुलिस पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं।
विकास सांगवान, पुलिस अधीक्षक धौलपुर