जीडीपी के बाद केंद्र सरकार को एक और झटका, अगस्त में जीएसटी कलेक्शन 1 लाख करोड़ से कम

जीडीपी के बाद केंद्र सरकार को एक और झटका, अगस्त में जीएसटी कलेक्शन 1 लाख करोड़ से कम

Ashutosh Kumar Verma | Updated: 02 Sep 2019, 09:24:38 AM (IST) अर्थव्‍यवस्‍था

  • अगस्त माह में सरकार के पास जीएसटी कलेक्शन के रूप में कुल 98,202 करोड़ रुपये ही आया।
  • साल 2018 के अगस्त में कुल जीएसटी कलेक्शन 93,960 करोड़ था।

नई दिल्ली। आर्थिक मंदी के खबरों के बीच केंद्र सरकार के लिए एक और बुरी खबर आ गई है। अगस्त माह के लिए देश का कुल वस्तु एवं सेवा कर संग्रह (जीएसटी कलेक्शन) एक लाख करोड़ रुपये के लक्ष्य से नीचे रही है। अगस्त माह में सरकार के पास जीएसटी कलेक्शन के रूप में कुल 98,202 करोड़ रुपये ही आया।

बीते रविवार को राजस्व विभाग (रेवेन्यू डिपार्टमेंट) ने इस संबंध में जानकारी दी। जुलाई में कुल जीएसटी कलेक्शन 1.02 लाख करोड़ का था। हालांकि अगर तुलना पिछले साल के अगस्त से करें तो यह 4.5 प्रतिशत ज्यादा है।

साल 2018 के अगस्त में कुल जीएसटी कलेक्शन 93,960 करोड़ था। इस साल दूसरी बार हुआ है जब जीएसटी कलेक्शन फिसलकर 1 लाख करोड़ के नीचे आया है। पहली बार ऐसा जून में हुआ था जब 99,939 करोड़ का कलेक्शन हुआ था।

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केंद्र व राज्यों की कितनी कमाई

इस साल सेंट्रल जीएसटी कलेक्शन 17,733 करोड़, स्टेट जीएसटी 24,239 करोड़ और इंटिग्रेटेड जीएसटी संग्रह 48,958 करोड़ रुपये रहा। इसमें 24,818 करोड़ रुपये आयात से संग्रहित हुए। डिपार्टमेंट के आंकड़े के मुताबिक 7,273 करोड़ रुपये सेस से मिले जिसमें 841 करोड़ रुपये का कलेक्शन आयात से किया गया।

जुलाई का जीएसटीआर 3बी रिटर्न 31 अगस्त तक 75.80 लाख रुपये का फाइल किया गया। अगस्त महीने के नियमित शेटलमेंट के बाद केंद्र और राज्य सरकार को CGST से ₹ 40,898 करोड़ रुपये और SGST से 40,862 करोड़ रुपये का राजस्व मिला।

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विकास दर में घटकर 5 फीसदी

गौरतलब है कि आर्थिक मोर्चे पर मोदी सरकार को जीएसटी के पहले जीडीपी का झटका लगा। देश की विकास दर में गिरावट दर्ज हुई है।

पहली तिमाही (अप्रैल-जून) में विकास दर 5.8 फीसदी से घटकर 5 फीसदी हो गई। अगर सालाना आधार पर तुलना करें तो करीब 3 फीसदी की गिरावट है. एक साल पहले इसी तिमाही में जीडीपी की दर 8 फीसदी थी।

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