
Prithvi Shaw-Akriti Agarwal Separation (फोटो सोर्स- IMDb)
Prithvi Shaw-Akriti Agarwal Separation: भारतीय क्रिकेटर पृथ्वी शॉ की निजी जिंदगी को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है। पृथ्वी शॉ और उनकी मंगेतर आकृति अग्रवाल ने अपनी राहें अलग करने का फैसला किया है। आकृति ने सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट के जरिए इस फैसले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि दोनों ने भविष्य को लेकर अपने अलग-अलग लक्ष्यों और परिस्थितियों को देखते हुए आपसी सहमति से अलग होने का निर्णय लिया है। साथ ही उन्होंने लोगों से इस मुश्किल समय में उनकी निजता का सम्मान करने की अपील की है।
पृथ्वी शॉ और आकृति अग्रवाल ने मार्च 2026 में अपनी सगाई की घोषणा की थी। क्रिकेटर ने सोशल मीडिया पर सगाई समारोह की तस्वीरें भी साझा की थीं। इसके बाद दोनों का रिश्ता लगातार चर्चा में रहा। हालांकि, कुछ समय बाद आकृति की सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर उनके रिश्ते में सब कुछ ठीक नहीं होने की अटकलें लगने लगी थीं। जुलाई में उनके कुछ पोस्ट ने लोगों का ध्यान खींचा था, लेकिन उस समय इन पोस्ट का पृथ्वी शॉ से कोई सीधा संबंध आधिकारिक तौर पर सामने नहीं आया था। अब आकृति की नई पोस्ट के बाद यह साफ हो गया है कि दोनों ने अपने रिश्ते को खत्म करने का फैसला किया है।
आकृति ने अपनी पोस्ट में संकेत दिया कि अलग होने का फैसला किसी एक पक्ष का नहीं बल्कि दोनों की सहमति से लिया गया है। उनके मुताबिक, भविष्य को लेकर अलग-अलग लक्ष्य और मौजूदा परिस्थितियां इस फैसले की वजह बनीं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि दोनों के बीच एक-दूसरे के लिए प्यार और परवाह अभी भी मौजूद है, लेकिन परिस्थितियों को स्वीकार करते हुए उन्होंने अलग रास्ते चुनने का फैसला किया।
आकृति ने आगे दोनों के भविष्य के लिए शांति और खुशियों की कामना की। उन्होंने लोगों से इस मामले में किसी तरह की अटकलें लगाने या अपने स्तर पर वजहें तलाशने से बचने को कहा।
आकृति अग्रवाल ने अपने बयान में अलग होने की परिस्थितियों का विस्तार से खुलासा नहीं किया है। उन्होंने केवल अलग-अलग लक्ष्यों, जिम्मेदारियों और मौजूदा परिस्थितियों का जिक्र किया है। इसलिए इस रिश्ते के खत्म होने की कोई दूसरी वजह बताना फिलहाल अटकलों पर आधारित होगा। आकृति की अपील के बाद ये भी साफ है कि वह इस निजी मामले को सार्वजनिक बहस का विषय नहीं बनाना चाहतीं। ऐसे में पृथ्वी शॉ और आकृति अग्रवाल के रिश्ते को लेकर सामने आने वाली किसी भी अपुष्ट जानकारी को तथ्य मानना सही नहीं होगा।
Updated on:
17 Sept 2026 03:29 pm
Published on:
17 Sept 2026 02:55 pm
