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मानुषी के बाद अब हरियाणा की इस छोरी ने विदेश में दिखाया खूबसूरती का जलवा, मिस ग्रैंड इंटरनेशनल में बनी फर्स्ट रनर अप

मीनाक्षी डॉक्टर बनाना चाहती हैं। मीनाक्षी ने इस मुकाम को हासिल करने के लिए कड़ी मेहनत की है।  

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 meenakshi chaudhary

meenakshi chaudhary

एक बार फिर हरियाणा की छोरी ने अपनी खूबसूरती का जलवा ब्यूटी कॉन्टेंस्ट में दिखाया। ब्यूटी कॉन्टेस्ट मिस ग्रैंड इंटरनेशनल 2018 के 6वें सीजन को आयोजन पिछले दिनों म्यांमार में आयोजित किया गया था। इस प्रातियोगिता में भारत के हरियाणा की रहने वाली मीनाक्षी चौधरी फर्स्ट रनर अप नहीं। इससे पहले भी वह फेमिना मिस इंडिया 2018 की फर्स्ट रनअप रहीं थीं। बता दें कि मीनाक्षी का टक्कर पैराग्वे क्लारा सोसा के साथ रहा। बता दें कि मिनाक्षी हरियाणा की रहने वाली हैं। उनके पिता एक रिटायर्ड आर्मी हैं। मीनाक्षी ने भले ही मिस इंडिया का खिताब अपने नाम न किया हो लेकिन उन्होंने हरियाणा के साथ पूरे देश का दिल जीत लिया। आज हम आपको बताते हैं कि कैसे एक आर्मी अफसर की बेटी पहुंची मिस इंडिया के मंच तक।

डॉक्टर बनना चाहती हैं मिनाक्षी:
मीनाक्षी डॉक्टर बनाना चाहती हैं। मीनाक्षी ने इस मुकाम को हासिल करने के लिए कड़ी मेहनत की है। लेकिन इसके बावजूद वह विनर का खिताब अपने नाम नहीं करा पाईं। आज भले ही खिताब उनके नाम न हो लेकिन यहां तक पहुंचना उनका ये सफर आसान नहीं था। आपको बता दें, मीनाक्षी चौधरी ब्यूटी वर्ल्ड के लिए नया नाम नहीं है। मीनाक्षी एफबीबी कैम्पस प्रिंसेस 2018 की फाइनलिस्ट रह चुकी हैं।

बीडीएस की पढ़ाई कर रही हैं मीनाक्षी:
मीनाक्षी का जन्म चंडीगढ़ में हुआ है लेकिन वह रहने वाली हरियाणा की हैं। जहां उनके पिता भारतीय सेना से रिटायर्ड अफसर हैं वहीं उनकी मां हाउसवाइफ हैं। उन्होंने अपनी स्कूलिंग सेंट सोल्जर कॉन्वेंट स्कूल, चंडीगढ़ से पूरी की है। अभी वह नेशनल डेंटल कॉलेज डेराबस्सी की स्टूडेंट हैं और बीडीएस की पढ़ाई कर रही हैं।

अपने लक्ष्य को लेकर काफी गंभीर हैं मीनाक्षी:
मीनाक्षी एक मॉडल होने के साथ ही बैडमिंटन खिलाड़ी भी हैं। यही नहीं उन्होंने कई राज्य स्तरीय बैडमिंटन और स्विमिंग कॉम्पिटिशन में हिस्सा लिया है। वह घूमने फिरने की भी काफी शौकीन हैं। यही नहीं उन्हें कविताओं का भी शौक है। वह कविताएं न सिर्फ पढ़ती हैं बल्कि लिखती भी हैं। वह अपने लक्ष्य को लेकर काफी सीरियस हैं।