25 अक्टूबर 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

लॉकडाउन में लॉक हुआ मेहनत का पैसा, UAN और Aadhar ना होने से अटका 6 लाख मजदूरों का प्रोविडेंट फंड

लेकिन लगभग 6 लाख मजदूरों के पास आधार (aadhar card ) या UAN नंबर न होने की वजह से उनका पीएफ भी अटक सकता है।
less than 1 minute read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

नई दिल्ली

•

image

Pragati Vajpai

•

Updated: 31 Mar 2020, 12:14 PM IST

pROVIDENT FUND

pROVIDENT FUND

नई दिल्ली: लॉकडाउन की वजह से ऐसे लोग जिनकी नौकरी छूट चुकी है उन्हें सबसे ज्यादा नुकसान हो रहा है क्योंकि वो न तो वर्क फ्राम होम ( WORK FROM HOME ) कर सकते हैं और न ही अगले महीने की सैलेरी का इंतजार। ऐसे लोगों का प्रोविडेंट फंड इस वक्त उनका सबसे बड़ा सहारा है। शायद इसी बात को ध्यान में रखते हुए सरकार ने लोगों को पीएफ अकाउंट से 75 फीसदी तक निकालने की इजाजत दी है। लेकिन लगभग 6 लाख मजदूरों के पास आधार (aadhar card ) या UAN नंबर न होने की वजह से उनका पीएफ भी अटक गया है यानि पैसा होने के बावजूद वो अपने बुरे वक्त में इसे निकाल नहीं सकते। आशंका जताई कि मजदूरों को इस कागजी समस्या के चलते अपनी ही जमा पूंजी देने से इनकार किया जा सकता है।

1-2 महीने बढ़ा लॉकडाउन बढ़ा तो बंद हो जाएंगी करोड़ों MSME शॉप

मजदूरों को इस समस्या से निदात दिलाने के लिए स्टाफिंग फेडरेशन ने कमिश्नर से आधार और अकाउंट को लिंक करने में थोड़ी सी रियायत मांगी है ताकि इन मजदूरों को इस मुसीबत के समय में थोड़ी राहत मिल सके।

आपको बता दें कि वित्त मंत्री के ऐलान के बाद श्रम मंत्रालय ने शनिवार को नोटिफिकेशन जारी कर एंप्लायीज प्रॉविडेंट फंड में संशोधन की बात करते हुए कर्मचारियों को 75 फीसदी रकम निकालने की आजादी दे दी है। लेकिन कागजों क अभाव में लाकों मजदूरों की उम्मीदों पर पानी फिरता नजर आ रहा है।