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लॉकडाउन से बैंको के मर्जर पर नहीं पड़ेगा असर, 1 अप्रैल से इन बैंको के बदल जाएंगे नाम

21 दिनों के इस लॉकडाउन से बैंकों के मर्जर प्रक्रिया पर कोई असर नहीं पड़ेगा।
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नई दिल्ली

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Pragati Vajpai

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Updated: 27 Mar 2020, 4:59 PM IST

government bank merger

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नई दिल्ली: कोरोना वायरस से निपटने के लिए पूरे देश में 21 दिनों का लॉकडाउन लगा दिया गया है। लॉकडाउन के चलते कई जरूरी फाइनेंसियल टास्क की तारीख को आगे बढ़ाकर लोगों को सहूलियत दी गई है लेकिन 21 दिनों के इस लॉकडाउन से बैंकों के मर्जर प्रक्रिया पर कोई असर नहीं पड़ेगा। ये जानकारी वित्तीय सेवाओं के सचिव देबाशिष पांडा ने दी । एक पत्रकार के सवाल के जवाब में देवाशीष ने कहा कि 1 अप्रैल से सभी 10 सरकारी बैंकों का मर्जर प्रभावी हो जाएगा।

10 बैंको के विलय से बनेंगे 4 बैंक-

बैंको के मर्जर के तहत 10 सरकारी बैंकों को मर्ज ( विलय ) कर 4 बैंक बनाये जा रहा है। इस तरह मर्जर के बाद देश में कुल सरकारी बैंकों की संख्या 27 से घटकर 12 रह जायेगी।

इन बैंको का होगा विलय-

पंजाब नेशनल बैंक, ओरियेंटल बैंक ऑफ , यूनाइटेड बैंक, केनरा बैंक और सिंडिकेट बैंक, यूनियन बैंक, आंध्रा बैंक और कार्पोरेशन बैंक, इंडियन बैंक, इलाहाबाद बैंक इस विलय प्रक्रिया में शामिल हैं।

इस मर्जर के तहत पंजाब नेशनल बैंक, ओरियेंटल बैंक ऑफ, यूनाइटेड बैंक का एक में विलय कर दिया जाएगा जिसके बाद पंजाब नेशनल बैंक (Punjab National Bank) पब्लिक सेक्टर का दूसरा सबसे बड़ा बैंक बन जाएगा। इस विलय के बाद देश में सात बड़े आकार के बैंक होंगे जिनका कारोबार 8 लाख करोड़ रुपए से अधिक का होगा