
भाजपा नेताओं के आए बुरे दिन, गांव में घुसने पर लोगों ने भाजपा विधायक को उल्टे पांव लौटया, तो दिखा ऐसा नजारा
गाजियाबाद. लोगों से अच्छे दिनों का वादा कर सत्ता में आई भाजपा नेताओं के लिए 2019 से पहले ही बुरे दिन की आहट आने लगी है। हालात ये है कि लोग भाजपा के विधायकों और सांसद तक अपने-अपने गांव में घुसने पर प्रतिबंध लगा रहे हैं। इलाके के किसान और ग्रामीण बाकायदा पंचायत कर सर्वसम्मति से भाजपा नेताओं के बहिष्कार का फैसला ले रहे हैं। इसी कड़ी में रविवार को बुलंदशहर और गाजियाबाद से भाजपा नेताओं के लिए बुरी खबर आई। गाजियाबाद के लोनी के विधायक नंदकिशोर गुर्जर रविवार को मंडोला गांव में पहुंचे थे । लेकिन वे यहां लंबे समय से धरना दे रहे किसानों के धरने पर नहीं पहुंचे, इससे नाराज होकर किसानों ने उनका विरोध शुरू कर दिया। इस दौरान काली पट्टी और काले झंडे दिखाकर उनका विरोध किया गया। यही नहीं संड़े टमाटर भी गाड़ी पर फेंके गए। विधायक नंदकिशोर गुर्जर को इसके बाद वापस लौटना पड़ा। किसानों का कहना है कि हाल ही में नंदकिशोर गुर्जर ने उनकी एक यात्रा का विरोध किया था, जिससे उन्हें काफी आघात पहुंचा था। गौरतलब है कि लोनी के मंडोला विहार के किसान पिछले करीब एक साल से धरना प्रदर्शन करते आ रहे हैं। किसानों की मांग है कि उन्हें मंडोला आवासीय योजना के तहत सही मुआवजा नहीं मिला, जबकि उनकी जमीनों को सरकार ने अधिग्रहित कर लिया। इसी मुआवजे की मांग को लेकर किसान लगातार आंदोलनरत रहे हैं। किसानों के इस धरने पर कई बड़े नेता आ चुके हैं। लेकिन भाजपा विधायक गुर्जर ने कभी उनका साथ नहीं दिया।
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इन किसानों का कहना है कि वह उनके क्षेत्रीय विधायक हैं और यहां की जनता ने उन्हें बहुत उम्मीदों के साथ अपना विधायक चुना था। उन्हें विधायक बनने के बाद किसानों की परेशानियों को सुनकर उनका समाधान कराए जाने का प्रयास करना चाहिए था, लेकिन किसानों की इस बात पर विधायक का तनिक भी ध्यान नहीं है। इस कारण से अब यहां के किसान विधायक नंदकिशोर गुर्जर का पुरजोर विरोध कर रहे हैं। यहां के किसान अब भाजपा के विधायक नंदकिशोर गुर्जर से इतने नाराज हैं कि अब इस बार होने वाले चुनाव में भी इसका कड़ा जवाब देने का मन बना लिया है।
किसानों का कहना है कि यहां जितने भी जनप्रतिनिधि हैं, किसी ने भी यहां के किसानों की समस्याओं को सुनने का प्रयास नहीं किया, जबकि यहां लगातार किसान भूख हड़ताल और धरने पर बैठे हुए हैं। उन्होंने कहा कि यदि नंदकिशोर गुर्जर दोबारा उनके सामने आते हैं तो अब की बार उनका स्वागत जूते-चप्पल की मालाओं से किया जाएगा।
Published on:
11 Nov 2018, 6:46 PM IST
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