
गोरखपुर के देईपार निवासी प्रभात पांडेय दो बहनों में दीपक पाण्डेय के इकलौते बेटे थे। प्रभात की एक बहन की शादी हो चुकी है। एक बहन श्रेया की शादी नहीं हुई है। प्रभात युवक कांग्रेस से करीब ढाई साल पहले जुड़े थे। युवा कार्यकर्ता प्रभात पार्टी के कार्यो में सक्रिय भागीदारी करते थे। बुधवार को पार्टी कार्यकर्ताओं के विधानसभा घेराव को लेकर कार्यालय पहुंचे थे।
प्रभात को वहां से बेसुध हालत में सिविल अस्पताल लाया गया। अस्पताल में उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। मौत की सूचना पर परिजनों में कोहराम मचा हुआ है। मौत की सूचना पाकर स्थानीय कांग्रेसी नेता और पार्टी के कार्यकर्ता प्रभात के घर पहुंचकर परिजनों को ढांढ़स बंधा रहे हैं। प्रभात अभी अविवाहित थे।
लखनऊ की पुलिस उपायुक्त रवीना त्यागी के अनुसार शाम पांच बजे प्रभात पांडेय को कांग्रेस मुख्यालय से सिविल अस्पताल में बेहोशी की हालत में लाया गया। उन्हें डॉक्टरों ने पहले से मृत घोषित किया है। उनके शरीर पर किसी प्रकार के चोट के निशान नहीं मिले हैं। त्यागी के अनुसार डॉक्टरों के पैनल से पोस्टमार्टम कराया जाएगा। उसके बाद आगे की विधिक कार्यवाही होगी।
Updated on:
18 Dec 2024 09:51 pm
Published on:
18 Dec 2024 09:51 pm
