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एमपी में जमीन के सबसे बड़े फर्जीवाड़े में घिरे पटवारी, सख्त हुई सरकार

Ghatigaon Patwari Scam एमपी में जमीन का सबसे बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है।

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Ghatigaon Tehsil Gwalior Ghatigaon Patwari Bhuvanchand Maurya Ghatigaon Patwari Scam

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Ghatigaon Tehsil Gwalior Ghatigaon Patwari Bhuvanchand Maurya Ghatigaon Patwari Scam एमपी में जमीन का सबसे बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। यहां तहसीलदार के फर्जी आदेश पर सैंकड़ों लोगों को अपनी ही जमीन से बेदखल कर दिया गया। पटवारी ने भूस्वामियों के नाम बदल दिए। ग्‍वालियर में हुए इस घोटाले में आरोपी पटवारी घिर गए हैं। जिला प्रशासन ने सख्त तेवर दिखाते हुए आरोपी पटवारी भुवनचंद मौर्य के लिए आरोप पत्र जारी किया और इसी के साथ भू-अभिलेख विभाग की जांच भी शुरु कर दी गई है।

ग्वालियर की तहसील घाटीगांव में यह घोटाला हुआ। पटवारी भुवनचंद मौर्य ने तहसीलदार के नाम पर कोरा कागज लगाकर सैकड़ों भू स्वामियों के नाम बदल दिए। आरोपी को पहले ही निलंबित किया जा चुका है।

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पटवारी भुवनचंद मौर्य लागइन आइडी से तहसीलदार के आदेश के बिना ही भू स्वामियों के नाम में हेरफेर कर रहा था। वह तहसीलदार के आदेश के स्थान पर खाली कागज लगा देता था जोकि सिस्टम में रीड नहीं हो पाता था। इस तकनीकी खामी का लाभ उठाते हुए पटवारी मनमर्जी से नाम बदलता रहा।

इधर भू-अभिलेख कार्यालय के अधीक्षक ने बताया कि जांच टीम पोर्टल से पूरा डेटा निकालकर आरोपी पटवारी का रिकार्ड खंगालेगी। इस केस में कितने पीड़ित हैं, उनकी संख्या भी पता की जाएगी।

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बताया जा रहा है कि पटवारी की हरकत के कारण सैकड़ों लोग अपनी ही जमीन से बेदखल हो गए। उनकी जमीनों के भू स्वामी बदल गए हैं। घोटाले का खुलासा तब हुआ जब कुछ लोगों की शिकायत के बाद एसडीएम ने तहसीलदार से जांच कराई। जांच में घाटीगांव के पटवारी भुवनचंद मौर्य की करतूत उजागर हो गई। आरोपी पटवारी की विभागीय जांच भी चल रही है।

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शुरुआती जांच के अनुसार पटवारी भुवनचंद मौर्य ने घाटीगांव के करीब तीन सौ भू स्वामियों के नाम बदले हैं। पटवारी ने तहसीलदार के आदेश के स्थान पर ब्लैंक पेपर अपलोड कर भू-स्वामी बदले। घाटीगांव के अनुविभागीय अधिकारी राजीव समाधिया के अनुसार भुवनचंद मौर्य के पास पटवारी हल्का नम्बर-10 बन्हेरी और अतिरिक्त हलका नम्बर 6 का भी चार्ज था। पटवारी ने चूही, पूछरी, बन्हेरा, बराहना, सेंकरा, सेंकरी और पहसारी के खसरों में भू-स्वामी के नाम बदल दिए।

मामले में घाटीगांव के तहसीलदार दिनेश चौरसिया ने पटवारी भुवनचंद्र मौर्य के खिलाफ एफआइआर दर्ज कराने आवेदन दिया गया था। जांच के बाद विभाग ने पटवारी को निलंबित कर दिया।