
नवरात्रि व्रत के दौरान कद्दू और इसके बीजों का सेवन करने से शरीर को भरपूर फाइबर, विटामिन्स और मिनरल्स मिलते हैं, जो दिनभर एनर्जी बनाए रखते हैं- प्रतीकात्मक तस्वीर (Source- Chatgpt)
Kaddu Benefits: जब भी उपवास आता है, तो हमारे मन में सबसे पहला सवाल यही उठता है कि फलाहार में ऐसा क्या खाएं जिससे दिनभर सुस्ती न आए और पेट भी ठीक रहे। अमूमन व्रत के दिनों में लोग कुट्टू का आटा, आलू या फिर साबूदाने से बनी चीजें ज्यादा पसंद करते हैं। हालांकि, ये चीजें अक्सर पचने में थोड़ी भारी होती हैं और इनके ज्यादा सेवन से पेट में भारीपन या एसिडिटी जैसी परेशानी होने लगती है। ऐसे में कद्दू आपके व्रत के खाने के लिए एक बेहतरीन और सेहतमंद विकल्प साबित होता है। कद्दू न सिर्फ पचने में बहुत आसान होता है, बल्कि इसका स्वाद भी बच्चों से लेकर बड़ों तक सभी को पसंद आता है। नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन के अनुसार, कद्दू हमारी सेहत के लिए बहुत ही गुणकारी और फायदेमंद सब्जी है, जिसमें पोषक तत्वों का खजाना होता है। यही वजह है कि पिछले कुछ सालों में वैज्ञानिकों ने इस पर काफी शोध (रिसर्च) किए हैं। आइए समझते हैं कि नवरात्रि या किसी भी व्रत के दौरान कद्दू खाने से हमारी सेहत को कौन-कौन से 5 बड़े फायदे मिलते हैं।
वेबएमडी के अनुसार, उपवास के दौरान जब हम दिनभर कुछ सीमित चीजें ही खाते हैं, तो कभी-कभी शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता (Immunity) थोड़ी कमजोर पड़ने लगती है। कद्दू में बीटा-कैरोटीन (Beta-Carotene) भरपूर मात्रा में पाया जाता है, जिसे हमारा शरीर अवशोषित करने के बाद विटामिन ए (Vitamin A) में बदल देता है। इसके साथ ही इसमें विटामिन सी की भी अच्छी-खासी मात्रा मौजूद होती है। ये दोनों विटामिन्स मिलकर हमारी इम्यूनिटी को बूस्ट करते हैं, जिससे बदलते मौसम या व्रत के दौरान होने वाले इन्फेक्शन और मौसम की बीमारियों से शरीर का बचाव रहता है।
हेल्थलाइन के मुताबिक, आजकल के दौर में लैपटॉप, मोबाइल और टीवी के लगातार इस्तेमाल से आंखों पर काफी तनाव पड़ता है। कद्दू में ल्यूटिन (Lutein) और जियाजैंथिन (Zeaxanthin) नाम के दो बेहद शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट्स मौजूद होते हैं। हेल्थ एक्सपर्ट्स के अनुसार, ये दोनों तत्व हमारी आंखों की रेटिना को सुरक्षित रखते हैं और उम्र बढ़ने के साथ होने वाली धुंधलेपन की समस्या से बचाते हैं। अगर आप नियमित रूप से या व्रत के दौरान कद्दू का सेवन करते हैं, तो इससे आंखों की सेहत लंबे समय तक अच्छी बनी रहती है।
व्रत के दौरान अक्सर लोग ऐसी चीजें खा लेते हैं जिनसे वजन बढ़ने का खतरा रहता है। अगर आप अपना वजन कंट्रोल में रखना चाहते हैं, तो कद्दू आपके लिए सबसे सही फलाहार है। कद्दू में कैलोरी बहुत कम होती है और पानी की मात्रा लगभग 90-94% तक पाई जाती है। इसके साथ ही इसमें मौजूद डाइटरी फाइबर पेट को लंबे समय तक भरा हुआ महसूस कराता है। इससे आपको बार-बार अनहेल्दी चीजें खाने की इच्छा नहीं होती और आप दिनभर हल्का महसूस करते हैं।
व्रत में तली-भुनी चीजें ज्यादा खा लेने से कई बार कब्ज, गैस या जलन जैसी समस्याएं हो जाती हैं। कद्दू में मौजूद प्राकृतिक फाइबर और पानी हमारे पाचन तंत्र के लिए किसी टॉनिक की तरह काम करते हैं। यह आंतों की सफाई में मदद करता है और पेट को पूरी तरह से शांत रखता है। जो लोग संवेदनशील पेट वाले हैं या जिन्हें आसानी से खाना नहीं पचता, उनके लिए व्रत में कद्दू की सब्जी या सूप लेना बहुत फायदेमंद रहता है।
कद्दू में पोटैशियम, मैग्नीशियम और फाइबर का बेहतरीन संतुलन होता है। पोटैशियम हमारे शरीर में सोडियम यानी नमक के असर को संतुलित करने में मदद करता है, जिससे ब्लड प्रेशर सामान्य बना रहता है। वेबएमडी की रिपोर्ट के अनुसार, कद्दू का नियमित सेवन नसों की रुकावट को दूर करने और दिल की धड़कनों को सामान्य बनाए रखने में मदद करता है। व्रत के दिनों में इसे खाने से ब्लड प्रेशर का उतार-चढ़ाव कम होता है।
कद्दू के पूरे पोषक तत्व पाने के लिए इसे बनाते समय बहुत ज्यादा देसी घी या तेल का प्रयोग न करें। इसे हल्के सेंधा नमक और जीरे के साथ पकाना सबसे बेहतर होता है। कई लोग कद्दू का हलवा या मीठी सब्जी बनाते समय बहुत ज्यादा चीनी डाल देते हैं। व्रत में ज्यादा शक्कर खाने से सुस्ती आ सकती है, इसलिए मिठास के लिए हल्का गुड़ या मिश्री का इस्तेमाल करें। बासी या बहुत देर का रखा हुआ कद्दू पचने में भारी हो सकता है, इसलिए हमेशा ताजा बनाकर ही इसका सेवन करें।
कुल मिलाकर देखें तो नवरात्रि या किसी भी व्रत के दौरान कद्दू खाना सेहत के लिहाज से बहुत ही गुणकारी और फायदेमंद होता है। यह न केवल आपको पूरे दिन तरोताजा और ऊर्जावान बनाए रखता है, बल्कि आपके पाचन और दिल की सेहत का भी पूरा ख्याल रखता है। इस नवरात्रि आप भी अपने व्रत के फलाहार में कद्दू की सब्जी, रायता या हल्का सूप शामिल करें और सेहतमंद रहें।
Updated on:
14 Oct 2026 08:58 am
Published on:
14 Oct 2026 08:58 am
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