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मोटापे की सर्जरी से डायबिटीज के साथ लिवर रोगों में भी राहत

मोटापा ब्लड प्रेशर, मधुमेह, दिल की बीमारियों, फैटी लिवर व पेट के कई तरह के कैंसर का कारण बन रहा है।
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जयपुर

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Vanshika Sharma

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Updated: 1 Apr 2023, 12:13 PM IST

मोटापे की सर्जरी से डायबिटीज के साथ लिवर रोगों में भी राहत

मोटापे की सर्जरी से डायबिटीज के साथ लिवर रोगों में भी राहत

अगर मोटापा कम होता है तो इनमें भी सीधे तौर पर राहत मिलती है। हाल ही एम्स नई दिल्ली में हुए एक शोध में देखा गया है कि मोटापे को कम करने की बैरियाट्रिक सर्जरी से न केवल टाइप-2 डायबिटीज में राहत मिलती है बल्कि लिवर से जुड़े रोगों खासकर लिवर सिरोसिस को भी नियंत्रित करने में मदद मिलती है।

एक्सपर्ट कमेंट- एम्स के सर्जरी विभाग के प्रोफेसर डॉ. संदीप अग्रवाल के अनुसार बैरियाट्रिक सर्जरी के बाद मधुमेह की बीमारी काफी हद तक ठीक हो जाती है। गंभीर मरीजों को भी कम दवा लेनी पड़ती है। साथ ही फैटी लिवर व लिवर सिरोसिस जैसी बीमारियों में बैरियाट्रिक सर्जरी के भी फायदे हैं। अधिक वजन का दुष्प्रभाव लिवर पर अधिक होता है।

ऐसे हुआ अध्ययन - इस अध्ययन में ऐसे 400 मरीजों पर अध्ययन किया गया, जिन्हें पहले से लिवर सिरोसिस की समस्या थी और उनकी बैरियाट्रिक सर्जरी हुई थी। इससे मरीजों को काफी राहत मिली है।

डिस्क्लेमर
इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ओपिनियन का विकल्प नहीं है। पाठकों को सलाह दी जाती है कि वे कोई भी दवा, उपचार या नुस्खा अपनी मर्जी से ना आजमाएं। इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है।

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