4 सितंबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

बीमारियों से बचना है तो जरूर खाएं ये सुपरफूड

सुंदर दिखने के लिए नौजवान क्या नहीं करते, जिम जाने, डायट का ध्यान रखते हैं। स्लिम रहने के लिए लड़कियां ही नहीं गृहणियां भी तरह-तरह के फूड आजमाती है।
2 min read
Google source verification
Diet

eating healthy

सुंदर दिखने के लिए नौजवान क्या नहीं करते, जिम जाने, डायट का ध्यान रखते हैं। स्लिम रहने के लिए लड़कियां ही नहीं गृहणियां भी तरह-तरह के फूड आजमाती है।

किनुआ : दक्षिण अमरीका से किनुआ आयात होता है। अमरीका में इसे सभी अनाजों की मां कहा जाता है। यह धान से छोटे आकार का होता है। इसके छिलके के नीचे चावल जैसा एक अन्न होता है जिसे उबालकर खाया जाता है। इसमें वसा और ग्लूटन नहीं होते। इसके अलावा इसमें प्रोटीन, फाइबर, विटामिन, मैग्नीशियम, फॉसफोरस, आयरन और जस्ता भी होता है।

बेरीज: स्ट्राबेरी, ब्लूबेरी, कै्रनबेरी स्वास्थ्यवर्धक होती है। यह मैगनीज, विटामिन सी, विटामिन के और फाइबर से भरपूर है। डायबिटिज व वजन घटाने में फायदेमंद है। इसमें ऐंटीऑक्सिडेंट होते हंै, जिससे त्वचा निखरती है। यह कैंसर व हृदय रोगियों के लिए लाभदायक है।

नट्स: बादाम, अखरोट, पिस्ता, काजू में कई तरह के गुण होते हैं। बादाम खाने से याद्दाश्त बढ़ाती है। इनसे ब्लड प्रेशर भी सामान्य रहता है। इनमें विटामिन ई, विटामिन बी2, फोलेट, मैंगनीज तथा अन्य तरह के खनिज होते हैं।

बीन्स: ये प्रोटीन से भरपूर होते हैं और इनमें फैट नहीं होता। ये ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करते हैं तथा ट्राईग्लाइसराइड को घटाते हंै। इनमें पोटाशियम, आयरन और फॉसफोरस व ओमेगा फैट्टी एसिड भी होता है।

ग्रीन टी: इसमें ऐंटीऑक्सिडेंट होता है जो शरीर से जहरीले पदार्थों को बाहर निकालता है। यह कोलेस्ट्रल घटाने में मदद करता है। इसके सेवन से भूख कम लगती है।

ब्रॉकली : एक तरह की सब्जी है जो स्वास्थ्यवर्धक तो है ही, वजन भी नियंत्रित रखती है। इसमें कई तरह के विटामिन और खनिज होते हैं जो बीमारियों से बचाव करते हैं। यह कैंसर रोधी है। इसमें पोलिक एसिड भी है जो रक्त की कमी को दूर करता है।

गिलोय खाने से बढ़ती है रोग प्रतिरोधक क्षमता

गिलोय की टहनियों, बीजों और पत्तियों के इस्तेमाल से रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है और बीमारियों से बचाव होता है। वात, पित्त और कफ से संबंधित बीमारियों में एनीमिया, बुखार, बवासीर, खांसी, एसिडिटी, मधुमेह में फायदा मिलता है।

पोषक तत्व : इसमें कैल्शियम, प्रोटीन, फॉस्फोरस पाया जाता है। इसके तनों में स्टार्च की अच्छी मात्रा होती है।

इस्तेमाल : गिलोय की तासीर गर्म होती है। गिलोय का काढ़ा और जूस बनाकर भी इस्तेमाल किया जाता है। पीने में क?वा गिलोय के तने का जूस लेने से डेंगू, त्वचा, आंखों, पेट और आर्थराइटिस में फायदा मिलता है। शरीर में जलन होने पर आंवला के साथ इसका जूस लेने से लाभ होता है।

फायदे : तनाव, चिंता, घबराहट, दमा, मुहांसे, लिवर, पीलिया, कब्ज और खून की कमी में इसका जूस लेना फायदेमंद है।

सावधानी : गर्भवती और स्तनपान करवाने वाली महिलाएं डॉक्टर की सलाह से इसका इस्तेमाल करें।