इस दौरान अमित शाह ने तेलंगाना के नारायणखेड में सभा को सम्बोधित करते हुए दावा किया कि तेलंगाना राज्य को प्रगति पथ पर ले जाने का काम न टीआरएस कर सकती है और न कांग्रेस, क्योंकि वे घपलों में डूबे हुए हैं। मोदी के नेतृत्व में केवल भाजपा ही तेलंगाना की जनता के ख्वाबों को पूरा कर सकती है। साथ ही अमित शाह ने राज्य के मुसलमानों को 12 प्रतिशत रिजर्वेशन देने का जोरदार विरोध किया। अमित शाह ने आरोप लगाया कि कांग्रेस, कम्युनिस्टों और टीडीपी ने चुनाव को सामने रखते हुए हाथ थामा है। अमित शाह ने एक जनसभा में यहां तक कहा कि एमआईएम, रजाकारों की पार्टी है और आरोप लगाया कि केसीआर मजलिस से डरे हुए हैं।