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एमपी के सहकारिता विभाग में अधिकारी का सुबह 11 बजे प्रमोशन, शाम 5 बजे रिटायरमेंट

Suresh Sanwle Joint Registrar: 31 अगस्त को सुबह 11 बजे इंदौर में नए पद का पदभार संभाला और शाम 5 बजे रिटायर हुए, सहकारी विभाग की व्यवस्था पर उठ रहे सवाल।
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Suresh Sanwle Retirement

Suresh Sanwle Retirement, सुरेश सांवले के रिटायरमेंट कार्यक्रम की तस्वीर (Source-@Oooppss_77 )

Indore Suresh Sanwle Promotion Retirement: एमपी अजब है सबसे गजब है….जी हां ऐसा ही एक मामला मध्यप्रदेश के सहकारिता विभाग से सामने आया है। इस मामले के सामने आने के बाद सहकारिता विभाग की व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हुए हैं। इस मामले में दिलचस्प बात ये है कि बड़वानी में असिस्टेंट रजिस्ट्रार के पद पर कार्यरत सुरेश सांवले का प्रमोशन ज्वाइंट रजिस्ट्रार के पद पर हुआ। उन्होंने 31 अगस्त को इंदौर में नए पद का पदभार संभाला और उसी दिन शाम को सेवानिवृत्त हो गए। ऐसे में अधिकारी के पास नई जिम्मेदारी करीब 6 घंटे ही रही।

सुबह 11 बजे ज्वाइनिंग

बड़वानी में असिस्टेंट रजिस्ट्रार के पद पर कार्यरत सुरेश सांवले को शासन ने प्रमोशन देकर ज्वाइंट रजिस्ट्रार बनाया। बीते दिनों 27 जुलाई को इस प्रमोशन का आदेश जारी हुआ, 29 अगस्त को सुरेश सांवले की सेंधवा में सीएम जन अभियान में ड्यूटी थी। उन्होंने उस दिन ड्यूटी पूरी की और फिर उसी शाम को बड़वानी से रिलीव हुए। अगले दिन 30 अगस्त को बड़वानी से रवाना होने की तैायारी की और इंदौर पहुंचे। यहां 31 अगस्त को सुरेश सांवले ने सुबह 11 बजे ऑफिस पहुंचकर ज्वाइंट रजिस्ट्रार के पद का चार्ज लिया।

शाम 5 बजे रिटायरमेंट

सुबह 11 बजे ज्वाइनिंग लेने पहुंचे सुरेश सांवले को तत्कालीन ज्वाइंट रजिस्ट्रार ने चार्ज सौंपा और फिर उनका पूरा दिन मुख्य रूप से अधिकारियों और कर्मचारियों से परिचय व सामान्य बातचीत में गुजरा। बिना कोई सरकारी काम किये हुए ही शाम के 5 बज गए और सुरेश सांवले का रिटायरमेंट का वक्त हो गया। इस तरह से करीब 6 घंटे के लिए ज्वाइंट रजिस्ट्रार बनकर सुरेश सांवले रिटायर हो गए। इस दौरान उन्होंने कोई सरकारी आदेश जारी नहीं किया। सुरेश सांवले मूल रूप से मध्यप्रदेश के बुरहानपुर जिले के रहने वाले हैं और 2016 से 2020 तक इंदौर में असिस्टेंट रजिस्ट्रार रहे हैं। बड़वानी और सेंधवा में भी वो असिस्टेंट रजिस्ट्रार रहे हैं। 30 साल की सेवा पूरी होने के बाद वो विभाग से रिटायर हुए।