
Ex CM Ashok Gehlot and CM Bhajanlal - File PIC
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल से वर्तमान मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का एक वीडियो शेयर किया है, जिसमें CM भजनलाल एक गांव में बुजुर्ग महिला के साथ खाट पर बैठकर बेहद सादगी से बातचीत करते दिख रहे हैं। इस वीडियो में मुख्यमंत्री शर्मा 'अम्मा' से पूछ रहे हैं कि उन्हें पेंशन समय पर मिल रही है या नहीं, जिस पर महिला हां में जवाब देती है। इसी वीडियो को पोस्ट करते हुए गहलोत ने लिखा, "मुख्यमंत्री भजनलाल जी का धन्यवाद, जो आप हमारी कांग्रेस सरकार द्वारा शुरू की गई सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना और उसके लाभ के बारे में एक बुजुर्ग महिला से चर्चा कर रहे हैं।"
अशोक गहलोत के इस बयान और वीडियो शेयर करने के बाद राजस्थान की 91 लाख से अधिक पेंशनभोगियों के बीच इस योजना के इतिहास और मौजूदा फायदों को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने धन्यवाद देने के साथ ही मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के सामने प्रदेश के लाखों बुजुर्गों, विधवाओं और दिव्यांगों के हित में दो मुख्य मांगें भी रख दीं:
समय पर भुगतान: गहलोत ने आरोप लगाया कि वर्तमान भाजपा सरकार कई-कई महीनों तक सामाजिक सुरक्षा पेंशन का भुगतान नहीं कर पा रही है। उन्होंने मांग की कि यह सुनिश्चित किया जाए कि पेंशन राशि हर महीने की 1 तारीख को नियमित रूप से लाभार्थियों के बैंक खातों तक पहुंचे।
केंद्र से बजट बढ़ाने की मांग: उन्होंने सुझाव दिया कि राज्य सरकार केंद्र सरकार से मांग करे कि नेशनल सोशल असिस्टेंस प्रोग्राम (NSAP) के तहत मिलने वाली पेंशन राशि को 300 रुपये प्रतिमाह से बढ़ाकर 3,000 रुपये प्रतिमाह किया जाए। इसमें केंद्र और राज्य सरकार 50-50 प्रतिशत का हिस्सा तय करें।
राजस्थान सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना (RajSSP) राज्य के गरीब, निराश्रित बुजुर्गों, एकल नारियों और दिव्यांगों के लिए जीवनदायिनी बनी हुई है। इस योजना का राजनीतिक और प्रशासनिक सफर कुछ इस प्रकार रहा है:
शुरुआत (2013): तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने अशोक गहलोत के नेतृत्व में बुजुर्गों, विधवाओं और दिव्यांगों को आर्थिक संबल देने के लिए न्यूनतम 500 रुपये की मासिक पेंशन से एक व्यवस्थित और डिजिटल ढांचा लागू किया था।
बढ़ोतरी और मौजूदा स्थिति (2024-2026): राज्य में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार ने बजट घोषणाओं के जरिए इस पेंशन राशि में लगातार बढ़ोतरी की है। वर्ष 2024 में जो पेंशन 1,000 रुपये थी, उसे बढ़ाकर 2025 में 1,250 रुपये, जनवरी 2026 में 1,300 रुपये और अब बढ़ाकर 1,450 रुपये प्रतिमाह कर दिया गया है।
राजस्थान में इस समय 91 लाख से ज्यादा लोग सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना का लाभ ले रहे हैं। इस योजना में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT System) का इस्तेमाल किया जाता है, जिससे पेंशन की राशि सीधे लाभार्थी के जन आधार से जुड़े बैंक खाते में जमा होती है।
योजना के तहत आने वाली मुख्य श्रेणियां और उनकी पात्रता:
मुख्यमंत्री वृद्धजन सम्मान पेंशन: 55 वर्ष या अधिक आयु की महिलाएं और 58 वर्ष या अधिक आयु के पुरुष (पारिवारिक वार्षिक आय 48,000 रुपये से कम)।
मुख्यमंत्री एकल नारी सम्मान पेंशन: 18 वर्ष या अधिक आयु की विधवा, तलाकशुदा या परित्यक्ता महिलाएं (वार्षिक आय 48,000 रुपये से कम)।
मुख्यमंत्री विशेष योग्यजन सम्मान पेंशन: 40 प्रतिशत या उससे अधिक दिव्यांगता वाले नागरिक या बौनेपन से पीड़ित व्यक्ति (वार्षिक आय 60,000 रुपये से कम)।
लघु एवं सीमांत कृषक वृद्धजन पेंशन: 55+ वर्ष की महिला और 58+ वर्ष के पुरुष लघु/सीमांत किसान।
लाभार्थी घर बैठे अपने मोबाइल से पेंशन भुगतान की स्थिति जांच सकते हैं। इसके लिए लाभार्थियों को RajSSP पोर्टल या राजस्थान सरकार के जन सूचना पोर्टल (Jan Soochna Portal) पर जाकर अपना PPO नंबर या जन आधार नंबर दर्ज करना होता है, जिसके बाद खाते में ट्रांसफर हुई राशि का पूरा ब्योरा स्क्रीन पर आ जाता है।
पेंशन योजना की पात्रता, नया आवेदन करने एवं पेमेंट स्टेटस देखने के लिए अधिकृत सरकारी डिजिटल Portals का अवलोकन करें:
सामाजिक सुरक्षा पेंशन के आधिकारिक आवेदन एवं PPO स्टेटस के लिए Rajasthan Social Security Pension (RajSSP) Portal पर विजिट करें।
ई-मित्र एवं डीबीटी भुगतान संबंधी जानकारी के लिए Jan Soochna Portal Rajasthan का अवलोकन करें।
Updated on:
03 Sept 2026 08:25 am
Published on:
03 Sept 2026 08:25 am
