
Rajasthan : राज्य में अवैध खनन माफिया पर नकेल कसने की भजनलाल सरकार ने तैयारी कर ली है। प्रदेश में 15 से 31 जनवरी तक अवैध खनन के खिलाफ राज्यव्यापी अभियान चलाया जाएगा। खान विभाग यह अभियान राजस्व, पुलिस, परिवहन और वन विभाग के साथ संयुक्त रूप से चलाएगा। प्रदेश में विधानसभा चुनावों के दौरान बड़े पैमाने पर अवैध खनन की गतिविधियां बढ़ गई थी। इससे राज्य सरकार को भारी राजस्व हानि हो रही थी। अभियान की निगरानी के लिए जिलों में कलक्टर की अध्यक्षता में एसआईटी गठित की गई हैं। जिलों में होने वाली कार्रवाई की नियमित शाम 5 बजे रिपोर्ट राज्य स्तर पर देनी होगी।
अवैध खनन के खिलाफ अभियान को लेकर खान सचिव आनन्दी ने शनिवार को विभाग की राज्यभर के उच्चाधिकारियों की बैठक ली और अभियान चलाने को लेकर रणनीति बनाई। आनन्दी ने कहा है कि अभियान ऐसा होना चाहिए कि अवैध खनन माफिया फिर से अवैध खनन के बारे में सोचे नहीं। विभाग की रणनीति के अनुसार अवैध खनन स्थलों के साथ ही अवैध खनन के रास्तों पर निगरानी रखी जाएगी, जिससे कि अवैध खनन माफिया की कमर तोड़ी जा सके। अवैध खनन क्षेत्रों और रास्तों की ड्रोन से भी निगरानी की जाएगी और मशीनरी जब्त की जाएगी। साथ ही जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही भी तय की जाएगी।
कलक्टर स्तर पर मॉनिटरिंग
अवैध खनन के खिलाफ चलने वाले अभियान की राज्य स्तर पर खान सचिव मॉनिटरिंग करेंगी, वहीं जिला स्तर पर अभियान में शामिल होने वाले पांचों विभागों खान, राजस्व, पुलिस, परिवहन और वन विभाग के अधिकारियों की एसआईटी गठित की गई हैं। कलक्टर नियमित जिला स्तर पर एसआईटी की बैठक कर अभियान की समीक्षा करेंगे। जिसकी रिपोर्ट राज्य स्तर पर भेजेंगे। संभागीय आयुक्तों को भी अभियान पर निगरानी रखने के लिए पहले ही मुख्य सचिव सुधांश पंत कह चुके हैं।
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सबसे ज्यादा अवैध खनन बजरी और मेसेनरी स्टोन का
खान सचिव ने बताया कि प्रदेश में सर्वाधिक अवैध खनन गतिविधियां बजरी और मेसेनरी स्टोन की होती है। इसमें अवैध खनन, परिवहन और भण्डारण शामिल है। उन्होंने स्पष्ट किया कि परस्पर समन्वय सहयोग से अभियान को सफल बनाया जाना है।
चुनावी वर्ष में अवैध खनन माफिया की रही मौज
चालू वित्तीय वर्ष में राज्य विधानसभा के चुनाव होने से अवैध खनन माफिया की मौज रही। पूरी मशीनरी चुनावों में व्यस्त रहने से जमकर अवैध खनन हुआ। पूर्ववर्ती सरकार ने भी अवैध खनन के खिलाफ नरम रूख अख्तियार किया। इससे गत वित्तीय वर्ष के मुकाबले इस वर्ष 35 से 40 फीसदी कार्रवाई अवैध खनन माफिया के खिलाफ कम हुई।
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अवैध खनन पर कार्रवाई
वित्तीय वर्ष 2023-24 दिसंबर तक
कार्रवाई - 5000
मामले दर्ज - 560
मशीनरी जब्त - 5100
पेनल्टी - 41 करोड़
वित्तीय वर्ष 2022-23...
कार्रवाई - 9329
मामले दर्ज - 1010
मशीनरी जब्ज - 9311
पेनल्टी - 72.54 करोड़
Published on:
14 Jan 2024 07:29 am
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