
8.30 लाख ठगी का मास्टरमाइंड गिरफ्तार
जयपुर पुलिस ने करोड़ों रुपये की कपड़ा ठगी के मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। मुहाना थाना पुलिस ने शातिर ठग पवन चांडक को उस समय दबोचा, जब वह विदेश से जयपुर लौटा। आरोपी लंबे समय से पुलिस की नजर में था। उस पर जयपुर समेत कई राज्यों के कारोबारियों से करोड़ों रुपये की ठगी करने का आरोप है। पुलिस अब उससे पूछताछ कर रही है और मामले में कई बड़े खुलासे होने की उम्मीद जताई जा रही है। शुरुआती जानकारी के अनुसार आरोपी मूल रूप से जोधपुर का रहने वाला है।
पुलिस के मुताबिक पवन चांडक और उसकी पत्नी का काम करने का तरीका भी काफी अलग था। दोनों पहले किसी शहर में नई फर्म खोलते और खुद को बड़े कपड़ा कारोबारी के तौर पर पेश करते थे। शुरुआत में वे छोटे-छोटे सौदे करते, समय पर भुगतान करते और कारोबारियों का पूरा भरोसा जीत लेते थे। जब बाजार में उनकी अच्छी पहचान बन जाती और लोग बिना किसी शक के उन पर भरोसा करने लगते, तब वे बड़ी मात्रा में उधार पर कपड़ा और दूसरा सामान लेना शुरू कर देते थे। व्यापारियों को भरोसा दिलाया जाता था कि कुछ ही दिनों में पूरा भुगतान कर दिया जाएगा। लेकिन करोड़ों रुपये का माल लेने के बाद दोनों अचानक संपर्क बंद कर देते और वहां से गायब हो जाते थे। इसी तरीके से कई कारोबारियों को करोड़ों रुपये का नुकसान पहुंचाने का आरोप है।
पुलिस के अनुसार, 28 मार्च को पीड़ित भैरूलाल ने मामला दर्ज कराया था। आरोपी दंपती ने मानसरोवर में किराए का मकान लेकर अप्रैल 2024 से कारोबार शुरू किया। शुरुआती भुगतान समय पर कर व्यापारियों का विश्वास जीता और फिर 15 से 20 करोड़ रुपए का कपड़ा उधार उठाकर फरार हो गए। जांच में फिलहाल 8.30 करोड़ रुपए की ठगी की पुष्टि हुई है। आरोपियों को पकड़ने में कांस्टेबल ओमप्रकाश डोबर व दामोदर सारण की अहम भूमिका रही।
जांच में सामने आया कि आरोपी ने जयपुर के एक व्यापारी से करीब 8 करोड़ रुपये का कपड़ा उधार लिया था। इसके बाद वह देश छोड़कर दुबई चला गया। आरोप है कि फर्मों के नाम पर बैंकों से बिजनेस और सीसी लिमिट के जरिए भी लोन लिया गया था। जब कारोबारियों को पैसे और माल का भुगतान नहीं मिला तो उन्होंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद मुहाना थाना पुलिस ने आरोपी की तलाश शुरू की और उसकी गतिविधियों पर लगातार नजर रखी।
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थानाधिकारी मुकेश कुमार खारड़िया ने बताया कि आरोपी के पीछे एक संगठित सिंडिकेट था, जो कपड़ा बेचकर मुनाफा आपस में बांटता था। आरोपी ने फर्जी दस्तावेजों से सात बैंकों से बिजनेस लोन भी हड़पे। आरोपी के खिलाफ जयपुर, यूपी, महाराष्ट्र, तेलंगाना और तमिलनाडु में भी मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस अब फरार सह-आरोपियों की तलाश कर रही है।
Updated on:
03 Aug 2026 12:21 pm
Published on:
02 Aug 2026 05:37 pm
