
फर्जी डिग्री मामले में गिरफ्तार दलाल सागर। फोटो: पत्रिका
जयपुर। सहायक अभियंता (सिविल) स्वायत शासन विभाग भर्ती परीक्षा-2022 में फर्जी इंजीनियरिंग डिग्री उपलब्ध करवाने वाले 20 हजार के इनामी दलाल को स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने सोमवार को गिरफ्तार किया। 12वीं पास अभ्यर्थी ने इसी फर्जी डिग्री से परीक्षा में 7वीं रैंक हासिल की थी। अभ्यर्थी की पहले गिरफ्तारी हो चुकी है।
एटीएस-एसओजी के एडीजी वी.के. सिंह ने बताया कि उदयपुर निवासी दलाल सागर दौलतानी को पकड़ा गया। आरपीएससी की ओर से दस्तावेज जांच में अलवर के खैरथल निवासी अभ्यर्थी आदित्य यादव पुत्र जयसिंह यादव की इंजीनियरिंग डिग्री फर्जी पाई गई। उसने 12वीं के बाद पढ़ाई नहीं की थी।
अगस्त में मामला दर्ज हुआ और आदित्य की गिरफ्तारी के बाद यह खुलासा हुआ कि उसने डिग्री सागर दौलतानी से ली थी। तभी से सागर फरार चल रहा था। सोमवार को सिंधी कैम्प बस स्टैंड पर टीम ने एएसपी मनराज मीणा के नेतृत्व में उसे गिरफ्तार किया।
एसओजी के अनुसार सागर ने उदयपुर में एजुकेशन सेंटर खोल रखा था। छात्रों को विश्वविद्यालयों में दाखिला दिलाने का दावा कर फर्जी डिग्री उपलब्ध करवाता और मोटी रकम वसूलता था। आदित्य को उसने कैलॉक्स यूनिवर्सिटी (वर्तमान में साबरमती विश्वविद्यालय), अहमदाबाद से बी.टेक सिविल इंजीनियरिंग की फर्जी डिग्री दिलवाई थी। मामले में अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
Updated on:
10 Sept 2025 09:16 am
Published on:
10 Sept 2025 09:16 am
