
जयपुर . नगर निगम ने मंगलवार को विज्ञापन शुल्क के 1.34 करोड़ रुपए जमा नहीं कराने पर न्यू सांगानेर रोड पर ट्रिनिटी मॉल स्थित नामी अंतरराष्ट्रीय मोबाइल कंपनी वीवो के कार्यालय को सील कर दिया। कंपनी कर्मचारियों ने कार्रवाई का विरोध किया, लेकिन निगम अफसर नहीं माने। सीलिंग से पहले मुनादी की गई। इसके लिए ढोल बजाते हुए परिसर में प्रवेश किया।
कंपनी ने शहरभर में नियमों के विपरीत विज्ञापन होर्डिंग लगा दिए। इससे करोड़ों रुपए कमाए लेकिन निगम को विज्ञापन शुल्क नहीं दिया। महापौर अशोक लाहोटी ने संबंधित अधिकारियों को शुल्क वसूलने के निर्देश दिए। राजस्व अधिकारी आर.के. मेहता ने सर्वे कराया। इसमें करीब 5869 वर्गफीट पर अवैध तरीके से किए गए विज्ञापन के आधार पर 1.34 करोड़ रुपए बकाया राशि सामने आई।
अब भी अवैध तरीके से विज्ञापन
कंपनी मोबाइल दुकानों पर 4 फीट से अधिक चौड़ाई के विज्ञापन प्रदर्शित करती रही। विज्ञापन क्षति का मुआवजा जमा कराने व हटाने के लिए कंपनी के प्रतिनिधियों के साथ कई बार बैठक भी हुई। प्रतिनिधियों ने मुआवजा जमा कराने का आश्वासन भी दिया। तीन बार नोटिस भी थमाए गए। अब भी कंपनी की ओर से कई बाहरी इलाकों में अवैध तरीके से विज्ञापन किया जा रहा है। ऐसे इलाकों में भी सर्वे करने की तैयारी है।
महापौर ने दिया जवाब
कंपनी ने पिछले दिनों हुए निगम के तीज महोत्सव में भागीदारी निभाई थी। इसके बाद महापौर सहित अफसर कई भाजपाई पार्षदों के निशाने पर थे। साधारण सभा की बैठक में भी यह मामला गरमाया। बताया जा रहा है कि इस कार्रवाई के जरिए आरोप लगाने वालों को जवाब दिया गया है।
Published on:
26 Sept 2017 10:31 pm
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