
जयपुर। आगामी चुनावों में मुस्लिम समाज का प्रतिनिधित्व और भागीदारी कैसी हो और किन मुद्दों को चुनाव में उठाया जाए इन बातों पर रविवार को परतानियों का रास्ता स्थित चीफ काजी हाउस में प्रदेश भर के शहर के काजि़यों, उलेमाओं और मुस्लिम विद्वानों ने चर्चा की। इस दौरान मुस्लिमों के हालात और आने वाले चुनावों के मद्दे नजर रणनीति पर भी चर्चा की गई। राज्य के विभिन्न जिलों के मुख्य काजियों और मुस्लिम समाज के प्रतिनिधियों ने मुस्लिम समाज से जुड़े मुद्दों पर अपने विचार रखे और उपाय साझा किए।
वक्ताओं ने कहा कि राजनीतिक पार्टियां अपने फायदे के लिए मुसलमानों का वोट बैंक की तरह इस्तेमाल करती आई हैं। आजादी के इतने सालों बाद भी मुस्लिम समाज काफी पिछड़ा हुआ है।
मुसलमानों को नाहक परेशान किया जा रहा है। इस अवसर पर चीफ काजी खालिद उस्मानी ने कहा कि हिन्दुस्तान की सियासत में मुसलमानों की भागीदारी सुनिश्चित करने और मुस्लिम समाज को एक मंच पर लाने के मकसद से इस बैठक का आयोजन ऑल इण्डिया दारुल-कज़ा की ओर से किया गया था।
अब मुसलमान एक जुट होकर अपने फैसले खुद लेगा और कौम अब एक प्लेटफॉर्म पर आकर समाज के हक में आवाज बुलंद करेगी। इस अवसर पर सभी ने देश में अमन-ओ-शांति के लिए दुआ की।