
राजस्थान में लूट-डकैती की पांच बड़ी वारदातें (पत्रिका क्रिएटिव फोटो)
Rajasthan Crime News: राजस्थान के अलग-अलग जिलों में पिछले कुछ समय में डकैती और लूटपाट की कई बड़ी वारदातें सामने आई हैं। इन घटनाओं ने न केवल आम लोगों को डराया है, बल्कि पुलिस प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
अपराधियों के हौसले इतने बुलंद थे कि वे दिनदहाड़े बैंकों को निशाना बनाए तो कहीं घर के भेदियों के साथ मिलकर व्यापारियों को लूट लिए। आइए जानते हैं राजस्थान के झुंझुनूं, भीलवाड़ा, अलवर और जयपुर में हुई लूट की पांच बड़ी घटनाओं के बारे में।
झुंझुनूं जिले से डकैती की बड़ी वारदात सामने आई है। कोतवाली थाना क्षेत्र के पीपली चौक में शनिवार (20 जून की देर रात यानी 21 जून 2026 की रात करीब 1:15 बजे) हथियारबंद बदमाशों ने एक प्रॉपर्टी कारोबारी शब्बीर सैय्यद उर्फ बाबू भाई के घर पर धावा बोल दिया।
पीड़ित परिवार के मुखिया 77 वर्षीय अकबर अली शेरवानी ने बताया, करीब 6 से 7 नकाबपोश बदमाश हथियारों के साथ उनके घर में जबरन घुस आए। बदमाशों ने आते ही सीधे प्रॉपर्टी कारोबारी शब्बीर सैय्यद के बारे में पूछा और उनके कमरे में घुस गए।
बदमाशों ने शब्बीर की कनपटी पर सीधे पिस्टल तान दी। इसके बाद परिवार के सभी सदस्यों को डरा-धमका कर एक जगह इकट्ठा कर लिया। बदमाशों ने चादर, कपड़े, टेप और बिजली के तारों से परिवार के लोगों के हाथ-पैर बांध दिए। क्रूरता की हद तो यह थी कि उन्होंने घर में मौजूद 10 साल के मासूम बच्चे को भी नहीं बख्शा।
बदमाशों ने घर की महिलाओं को अलग-अलग कमरों और बाथरूम में बंद कर दिया तथा डरा-धमकाकर उनके शरीर से सारे जेवर उतरवा लिए। यहां तक कि छोटी बच्चियों के कानों के झुमके भी बदमाशों ने छीन लिए। बदमाश करीब एक घंटे तक पूरे घर में रहे।
पुलिस रिपोर्ट के अनुसार, बदमाश घर से करीब 50 से 60 तोला सोने के आभूषण, करीब सवा से डेढ़ किलो चांदी और डेढ़ से दो लाख रुपए नकद लूटकर फरार हो गए। इस लूटे गए माल की कुल कीमत करीब 85 लाख रुपए आंकी जा रही है। शातिर बदमाश जाते समय घर में लगे सीसीटीवी कैमरों का डीवीआर भी अपने साथ उखाड़ ले गए।
पीड़ित परिवार के मुताबिक, बदमाशों की बातचीत और बोली उत्तर प्रदेश के इलाके जैसी लग रही थी। वे आपस में यूपी से जुड़े कुछ लोगों का जिक्र भी कर रहे थे। एक बदमाश पैर से लंगड़ा कर चल रहा था। बदमाशों ने घर के बाहर खड़ी काली स्कॉर्पियो गाड़ी के बारे में भी पूछा और कहा कि उन्हें इस घर की पूरी जानकारी देकर भेजा गया है। इससे साफ है कि किसी करीबी ने घर की रेकी करवाई थी। झुंझुनूं कोतवाली थानाधिकारी श्रवण कुमार ने बताया, पुलिस की एफएसएल और एमओबी टीमों ने मौके से सबूत जुटाए हैं।
भीलवाड़ा शहर के शास्त्रीनगर में रहने वाले एक गुटखा व्यापारी के साथ हुई 9 लाख 90 हजार रुपए की लूट के मामले में पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया था। इस पूरी वारदात के पीछे कोई बाहरी नहीं, बल्कि व्यापारी का एक पुराना वफादार नौकर ही मुख्य साजिशकर्ता निकला था।
शास्त्रीनगर निवासी धर्मदास सिंधी गुटखे के होलसेल व्यापारी हैं। वे और उनके बेटे सुनील कुमार रात को अपनी दुकान बंद करके दो दिन की कमाई (9.90 लाख रुपए) एक बैग में रखकर मोपेड से अपने घर लौटे थे। जैसे ही वे घर के बाहर पहुंचे, पहले से घात लगाकर कार में बैठे बदमाशों ने पिता-पुत्र पर बेसबॉल के बल्ले से ताबड़तोड़ हमला कर दिया और रुपयों से भरा बैग छीनकर भागने लगे।
चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग इकट्ठा होने लगे। इस हड़बड़ाहट में लूट के गिरोह का सरगना सरजीत सिंह (निवासी कोटपूतली) अपने साथियों की कार में नहीं बैठ पाया और रुपयों से भरा बैग उसके हाथ में ही रह गया। वह गलियों में भाग खड़ा हुआ।
सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह यादव के निर्देश पर 40 से अधिक पुलिसकर्मियों ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी। पुलिस ने हरणी महादेव रोड के पास झाड़ियों में छिपे सरजीत सिंह को धर दबोचा और उसके पास से पूरे 9.90 लाख रुपए बरामद कर लिए।
पकड़े गए आरोपी सरजीत ने खुलासा किया कि व्यापारी की दुकान पर काम करने वाले पूर्व नौकर दिलखुश साहू ने ही यह पूरी साजिश रची थी। दिलखुश को पता था कि उसका मालिक किस रास्ते से और कितने बजे लाखों रुपए लेकर घर जाता है। दिलखुश ने जयपुर और कोटपूतली के बदमाशों को बुलाकर इस वारदात को अंजाम दिलवाया।
अलवर जिले के औद्योगिक क्षेत्र भिवाड़ी में डकैती की संभवतया सबसे बड़ी और सनसनीखेज वारदात देखने को मिली थी। रीको चौक स्थित एक्सिस बैंक की शाखा में सुबह जैसे ही बैंक खुला, हथियारबंद डकैत अंदर घुस गए और महज कुछ ही मिनटों में करोड़ों रुपए लूटकर फरार हो गए।
सुबह जैसे ही बैंक खुला, 6 हथियारबंद बदमाश बैंक के भीतर दाखिल हुए। चूंकि बैंक खुलने का शुरुआती समय था, इसलिए सुरक्षा गार्ड और कर्मचारी कुछ समझ ही नहीं पाए। बदमाशों ने हथियारों के बल पर पूरे स्टॉफ को बंधक बना लिया। बदमाशों ने बैंक के स्ट्रॉन्ग रूम और काउंटर से 1 करोड़ 17 लाख 43 हजार रुपए नकद और करीब 25 लाख रुपए के सोने-चांदी के जेवरात लूट लिए।
वारदात को अंजाम देने के बाद बदमाश अपनी बाइकों पर सवार होकर हरियाणा और दिल्ली एनसीआर की तरफ भाग निकले थे। घटना के बाद पूरे जिले में हड़कंप मच गया और जयपुर से रेंज आईजी उमेश चंद्र दत्ता खुद मौके पर पहुंचे।
पुलिस ने बताया था कि बदमाशों ने वारदात से पहले कई दिनों तक बैंक की रेकी की थी। उन्हें पता था कि सुबह के वक्त बैंक में सुरक्षा ढीली रहती है और गार्ड के पास भी कोई एक्टिव हथियार नहीं था। पुलिस ने बदमाशों को पकड़ने के लिए 6 विशेष टीमों का गठन किया था।
जयपुर के मानसरोवर इलाके में स्थित मुथूट फाइनेंस की शाखा में हुई करोड़ों रुपए के सोने की डकैती के मामले में जयपुर पुलिस और बिहार एसटीएफ को बड़ी कामयाबी मिली थी। इस पूरी डकैती का मुख्य सरगना सुबोध सिंह बिहार में पुलिस मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया गया था।
मानसरोवर के रजत पथ स्थित मुथूट फाइनेंस की ब्रांच में दो बाइकों पर सवार होकर आए 4 बदमाशों ने दिनदहाड़े सिर्फ 20 मिनट के अंदर करीब 27 किलो सोना और लाखों की नकदी लूट ली थी। घटना के कुछ दिनों बाद ही जयपुर पुलिस ने तीन आरोपियों (अन्नू, विक्की और शुभम) को बिहार से गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन इस गिरोह का सबसे बड़ा मास्टरमाइंड सुबोध सिंह फरार चल रहा था।
सुबोध सिंह इतना शातिर अपराधी था कि उसने जयपुर, कोलकाता, ओडिशा, छत्तीसगढ़ और चेन्नई जैसे कई राज्यों में सोने की बड़ी डकैतियों को अंजाम दिया था, लेकिन वह अपने गृह राज्य बिहार में कोई अपराध नहीं करता था, ताकि वहां की पुलिस की नजरों से बचा रहे।
जयपुर पुलिस की क्राइम ब्रांच लगातार बिहार एसटीएफ के संपर्क में थी। आखिरकार, बिहार में एक भीषण मुठभेड़ के बाद सुबोध सिंह और उसके गुर्गों को गिरफ्तार कर लिया गया। उनके पास से लूट का 15 किलो सोना, 3.5 लाख रुपए नकद, बुलेटप्रूफ जैकेट, मेटल डिटेक्टर और कई विदेशी पिस्तौल व कारतूस बरामद किए थे।
जयपुर के सोडाला इलाके में बेखौफ बदमाश ने दिनदहाड़े मंदिर से लौट रही 74 साल की बुजुर्ग महिला पर हमला कर लाखों रुपए के सोने के जेवरात लूट लिए। इस पूरी वारदात का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया था।
यह वारदात सोडाला थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले जमुना नगर में घटित हुई थी। पुलिस के मुताबिक, पीड़ित बुजुर्ग महिला संतोष अग्रवाल (74 वर्ष) 2 जून की दोपहर को पास के ही एक मंदिर में दर्शन करने गई थीं। दोपहर करीब 12:40 बजे वह अपने अपार्टमेंट के पास पहुंची ही थीं कि तभी पीछे से आ रहे एक शातिर लुटेरे ने उन पर पीछे से हमला कर दिया।
बदमाश ने महिला को जोरदार धक्का देकर बीच सड़क पर मुंह के बल गिरा दिया। सड़क पर गिरने के बाद महिला खुद को बचाने का प्रयास करती रहीं, लेकिन लुटेरे के सिर पर खून सवार था। उसने बेरहमी से मारपीट की और जबरन गहने छीनने लगा।
वारदात को अंजाम देते हुए बदमाश ने बुजुर्ग महिला के कानों में पहने सोने के टॉप्स और गले से सोने की चेन नोच ली। लूटे गए इन सोने के आभूषणों की अनुमानित कीमत करीब 4.30 लाख रुपए बताई गई। बुजुर्ग महिला की रोने और चिल्लाने की आवाज सुनकर जब तक आसपास के घरों से लोग बाहर निकलकर मौके पर पहुंचे, तब तक आरोपी फरार हो चुका था।
Published on:
22 Jun 2026 02:18 pm
बड़ी खबरें
View Allजयपुर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
