
राजस्थान विधानसभा। फोटो: पत्रिका
Rajasthan Assembly: जयपुर। राजस्थान विधानसभा का सत्र एक सितंबर से शुरू होगा। प्रदेश की भाजपा सरकार का यह चौथा सत्र होगा। सत्र आहूत करने के लिए राज्यपाल को फाइल भेज दी गई है। राज्यपाल से अनुमति मिलते ही सत्र शुरू होने के आदेश जारी हो जाएंगे। यह सत्र दो सप्ताह चल सकता है।
विधायी कार्य के अनुसार ही सत्र के दिन तय होंगे। इस सत्र में सरकार विधायकों के वेतन से जुड़ा बिल, प्रवर समिति को सौंपे गए कोचिंग सेंटर रेगुलेशन बिल, राजस्थान भू राजस्व संशोधन विधेयक और राजस्थान भूजल प्राधिकरण विधेयक सहित अन्य विधेयक सदन में पेश कर सकती है।
इस सत्र के हंगामेदार रहने के पूरे आसार हैं। पेपर लीक प्रकरण को लेकर सदन में विपक्ष की ओर से हंगामा होना तय है। सरकार के कामकाज, अपराध, बेरोजगारी, किसानों की समस्या सहित अन्य विषयों पर भी सरकार को घेरने की तैयारी है।
वहीं सत्ता पक्ष सरकार के डेढ़ साल के कामकाज पर विपक्ष को जवाब देगा। विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी से विवाद के बाद प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविन्द डोटासरा सदन में नहीं आए थे। ऐसे में इस सत्र में डोटासरा आएंगे या नहीं। इस पर सभी की नजर रहेगी।
विधानसभा में वर्तमान में 200 में से 199 विधायक ही हैं। कोर्ट से सजा के बाद भाजपा विधायक कंवर लाल मीणा की सदस्यता रद्द हो चुकी है। वहीं, रिश्वत के मामले में गिरफ्तार बीएपी विधायक जयकृष्ण पटेल को अभी तक जमानत नहीं मिली है। उनको जमानत नहीं मिलती है तो संख्या और कम हो जाएगी। पटेल का मामला विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने सदाचार समिति को सौंप रखा है। सत्र के दौरान समिति सदन में पटेल मामले में अपनी रिपोर्ट रख सकती है।
Updated on:
12 Aug 2025, 7:28 AM IST
Published on:
12 Aug 2025, 7:28 AM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.