जयपुर। शिक्षा विभाग ने हाल ही जारी की गई तबादला सूची में न केवल मापदंड भुला दिए, बल्कि ऐसे निर्णय लिए कि आम जनता और शिक्षक दोनों ही हैरान रह गए। जिन प्रिंसिपलों को शिक्षा मंत्री ने लापरवाह बताया, उन्हें यथास्थान रखा गया, वहीं जिन्होंने स्कूल को राजस्थान में नंबर वन बनाया, उनका तबादला 500 किलोमीटर दूर कर दिया गया। शिक्षक संगठनों ने इसे न्याय संगत नहीं माना और विरोध शुरू कर दिय।