कंपनी ने अक्षय ऊर्जा निगम को एडवांस राशि नहीं लौटाई। सीबीआइ पहले ही एंट्री कर चुकी थी। इसके अलावा कंपनी को इस काम से टर्मिनेट कर ब्लैकलिस्ट कर दिया। चूंकि, कंपनी स्टॉक एक्सचेंज में रजिस्टर्ड है, इसलिए सेबी को भी पत्र लिखकर जानकारी दी गई है। साथ ही रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया को भी घपले के बारे में बताया गया, क्योंकि फर्जी बैंक गारंटी में बैंक कर्मचारियों के मिलीभगत की भी आशंका जताई गई।