15 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Jaipur News: चीखें, सन्नाटा, मातम… परिजन कर रहे थे इंतजार मौत की खबर से सब सन्न, मां का एक ही सवाल बेटा कब आएगा?

Jaipur News: जयपुर में हुए अलग-अलग हादसों में तीन लोगों की मौत हो गई।

2 min read
Google source verification
jaipur sankrati accident

मां सुमनलता और बेटा तुषार। हादसे में तुषार खांडल की मौत हो गई।

Jaipur Accident: राजधानी के झोटवाड़ा, करधनी और विश्वकर्मा औद्योगिक क्षेत्र में हुए अलग-अलग हादसों में तीन लोगों की मौत हो गई। रोजमर्रा की जरूरतें पूरी कर घर लौट रहे ये लोग यह सोचकर निकले थे कि कुछ ही देर में अपनों के बीच होंगे, लेकिन एक पल की टक्कर ने कई घरों को हमेशा के लिए उजाड़ दिया। कहीं मां का इकलौता बेटा छिन गया, कहीं पत्नी का सहारा और कहीं मासूम बच्ची से उसका आखिरी सहारा भी चला गया।

इकलौता बेटा था तुषार

झोटवाड़ा स्थित श्रीरामनगर निवासी सुमनलता का रो-रोकर बुरा हाल है। सोमवार शाम कांटा चौराहे के पास नगर निगम की कचरा उठाने वाली गाड़ी की टक्कर से उनके इकलौते बेटे तुषार खांडल की मौत हो गई।

घर में पसरा सन्नाटा और दीवारों पर टंगी तुषार की तस्वीरें हर पल उसकी कमी का एहसास करा रही है। परिजन के अनुसार तुषार ही परिवार में एकमात्र कमाने वाला था।

चाचा अनिल खांडल ने बताया कि दो साल पहले पिता उमाशंकर का कैंसर से निधन हो गया था, जिसके बाद तुषार ने ही मां की जिम्मेदारी संभाली थी।

वह अलग-अलग जगहों पर अकाउंट्स से जुड़े काम करके परिवार का गुजारा चला रहा था। मां सुमनलता बार-बार एक ही सवाल पूछ रही है-मेरा बेटा कब आएगा? बेटे के जाने से न सिर्फ मां का सहारा छिन गया, बल्कि घर की आर्थिक स्थिति भी चरमरा गई है।

पलभर में खुशियां गायब

विश्वकर्मा औद्योगिक क्षेत्र में रोड नंबर-एक स्थित डी-कट के पास हुए हादसे ने एक और परिवार की खुशियां छीन लीं। एकता कॉलोनी निवासी शुभम पांडे निजी बैंक में मैनेजर थे। मकर संक्रांति साथ मनाने के लिए घर में पतंग, मांझा और गट्टे सजे हुए थे।

बैंक से छुट्टी के बाद शुभम पिता की दवाइयां लेकर बाइक से घर लौट रहे थे, तभी तेज रफ्तार कंटेनर ने उन्हें टक्कर मार दी। राहगीरों ने अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। शुभम की मौत से मां आशा और पिता अनिल पांडे सदमे में हैं, जबकि पत्नी सेजल के आंसू थम नहीं रहे।

पिता को खोज रहीं मासूम नजरें

करधनी इलाके में 80 फीट रोड पर हुए हादसे ने दस साल की मासूम बच्ची से उसके पिता का साया भी छीन लिया। सीकर के खंडेला निवासी अनिल जांगिड पेशे से कारपेंटर थे।

पत्नी के निधन के बाद वे बेटी के लिए मां और पिता दोनों बने हुए थे। सोमवार शाम काम खत्म कर लौटते समय लोडिंग वाहन की टक्कर से उनकी मौत हो गई। हादसे के बाद मासूम बच्ची की आंखें लगातार पिता को ढूंढ रही है।