
SDM Slapping Case : पूरे राजस्थान में इस वक्त टोंक हिंसा घर-घर चर्चा हो रही है। इसका प्रभाव राजस्थान के प्रशासनिक अफसरों पर भी पड़ा। राजनीतिक गलियारों में सरकार और विपक्ष एक दूसरे पर शब्दों के तीखे बाण चला रहे हैं। टोंक की घटना पर भाजपा नेता सतीश पूनिया ने कहा, भारतीय लोकतंत्र में हिंसा या किसी भी तरह की मर्यादा के उल्लंघन के लिए कोई जगह नहीं है। चाहे कोई भी व्यक्ति या पार्टी हो, लेकिन संविधान और लोकतंत्र की मर्यादा बरकरार रहनी चाहिए।
भाजपा नेता सतीश पूनिया ने आगे कहा कि बहुत सारी परिस्थितियां होती है। कोई एक व्यक्ति के हाथ में नहीं होती है, उस समय क्या घटनाक्रम हुआ, किस तरह से उसकी प्रतिक्रिया हुई। सरकार के पास एक पर्याप्त समय भी होना चाहिए सब चीजों को समझने का, और बाकी सब चीजों को करने का। मुझे लगता है कि घटना के बारे में मैं सिर्फ इतना ही कहा सकता हूं, इस तरह घटना हमारे लिए अच्छी नहीं है।
निर्दलीय प्रत्याशी नरेश मीना SDM अमित चौधरी को थप्पड़ कांड में पुलिस ने शुक्रवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए मुंसिफ मजिस्ट्रेट कोर्ट निवाई में पेश किया। जहां उसे 14 दिन के न्यायिक अभिरक्षा में भेजा है। इसके साथ ही नरेश मीणा के वकील ने आरोप लगाया कि पुलिस कानून का उल्लंघन कर रही है। नरेश मीणा को गुमनाम जगह पर रखा गया और किसी को उनसे मिलने नहीं दिया गया। उनके साथ मारपीट भी की गई। इसके साथ ही नरेश मीना के खिलाफ सरकारी काम में बाधा डालने और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने सहित चार मामले दर्ज किए गए हैं। जिला कलक्टर सौम्या झा ने शुक्रवार को समरावता गांव पहुंच स्थिति का जायजा लिया।
Updated on:
16 Nov 2024, 5:11 PM IST
Published on:
16 Nov 2024, 3:01 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.