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Jodhpur Accident: जोधपुर में दर्दनाक सड़क हादसा, ट्रक के बैक लेते ही डंपर टकराया, चालक की मौत

Jodhpur Road Accident: जोधपुर के केरू रोड स्थित 12 मील क्षेत्र में ट्रक और डंपर की भिड़ंत में एक चालक की मौत हो गई। हादसे के बाद ग्रामीणों ने चौखा क्षेत्र के रॉयल्टी नाके और घुमावदार मोड़ को दुर्घटनाओं की बड़ी वजह बताते हुए प्रशासन पर लापरवाही के आरोप लगाए।

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Jodhpur Road Accident

हादसे के बाद क्षतिग्रस्त वाहन। फोटो- पत्रिका

जोधपुर। राजीव गांधी थाना क्षेत्र में 12 मील केरू के पास दोपहर एक दर्दनाक सड़क हादसे में डंपर चालक की मौत हो गई। हादसा उस समय हुआ जब पत्थरों से भरे ट्रक चालक ने अचानक वाहन को बैक किया और पीछे से आ रहा डंपर ट्रक में जा घुसा। टक्कर इतनी तेज थी कि डंपर का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और चालक केबिन में फंस गया। पत्थरों से भरा ट्रक केरू रोड से चौखा की तरफ जा रहा था।

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पुलिस के अनुसार रास्ते में कट से मुड़ने के लिए चालक ने ट्रक को पीछे लिया। इसी दौरान पीछे से आ रहा डंपर ट्रक में घुस गया। डंपर डालीबाई चौराहा की तरफ जा रहा था। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और आसपास के लोग मदद के लिए दौड़ पड़े। स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना देने के साथ चालक को बाहर निकालने का प्रयास शुरू किया। काफी देर की मशक्कत के बाद चालक को केबिन से बाहर निकाला जा सका।

चालक के पैरों में फ्रैक्चर

हादसे में चालक के पैरों में फ्रैक्चर हो गया और सीने में गंभीर चोटें आईं। घायल चालक को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। पुलिस ने बताया कि मृतक की पहचान पीपाड़ शहर के आमली का बास निवासी मांगीलाल (61) पुत्र जालाराम के रूप में हुई है। पुलिस ने शव को मोर्चरी में रखवाकर परिजनों को सूचना दे दी है। हादसे के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर यातायात व्यवस्था भी संभाली।

ग्रामीण बोले : प्रशासन सुनवाई करता तो नहीं होता हादसा

चौखा क्षेत्र में स्थित धर्म कांटा और रॉयल्टी नाके को ग्रामीण इस हादसे की बड़ी वजह मान रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि इस स्थान को लेकर कई बार जिला प्रशासन और एनएचएआई को शिकायत दी गई थी, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उनका आरोप है कि रॉयल्टी नाके के कारण यहां भारी वाहनों की लंबी कतारें लगती हैं और वाहन सड़क किनारे खड़े किए जाते हैं, जिससे हादसों का खतरा बना रहता है।

ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि रॉयल्टी नाका कृषि भूमि पर संचालित हो रहा है और इसके लिए एनएचएआई की अनुमति भी नहीं ली गई है। चौखा क्षेत्र का यह घुमावदार मोड़ और सामने स्थित धर्म कांटा अब हादसों का ब्लैक स्पॉट बन चुका है। रिंग रोड होने के कारण यहां वाहनों की रफ्तार तेज रहती है और भारी वाहन चालक यू-टर्न लेने के लिए इसी कट का उपयोग करते हैं।